बुल्गारिया के वामपंथी राष्ट्रपति रुमेन रादेव ने इस्तीफे का ऐलान किया
बुल्गारिया के राष्ट्रपति रुमेन रादेव ने राजनीतिक संकट और सरकार गिरने के बीच इस्तीफा देने की घोषणा की, साथ ही संकेत दिया कि वे आगामी चुनावों में भाग ले सकते हैं।
बुल्गारिया के वामपंथी रुझान वाले राष्ट्रपति रुमेन रादेव ने सोमवार (19 जनवरी 2026) को अपने पद से इस्तीफा देने की घोषणा की। राष्ट्रपति का यह पद मुख्य रूप से औपचारिक माना जाता है, लेकिन मौजूदा राजनीतिक हालात में उनके फैसले को बेहद अहम माना जा रहा है। रादेव ने संकेत दिया है कि वे जल्द होने वाले आम चुनाव में हिस्सा ले सकते हैं, जिनकी संभावना केंद्र-दक्षिणपंथी सरकार के विरोध में हुए प्रदर्शनों के बाद बढ़ गई है।
पिछले महीने भ्रष्टाचार के खिलाफ हुए बड़े जन आंदोलनों के कारण सत्तारूढ़ गठबंधन को इस्तीफा देना पड़ा था। राष्ट्रपति रादेव उस सरकार के मुखर विरोधी रहे हैं और दिसंबर की शुरुआत में उन्होंने खुले तौर पर प्रदर्शनकारियों का समर्थन किया था। एक टेलीविजन संबोधन में रादेव ने कहा कि वे मंगलवार (20 जनवरी 2026) को औपचारिक रूप से अपना इस्तीफा संवैधानिक न्यायालय को सौंप देंगे।
संविधान के अनुसार, वर्तमान उपराष्ट्रपति इलियाना योतोवा संसद द्वारा शपथ लेकर शेष राष्ट्रपति कार्यकाल के लिए पद संभालेंगी। अपने संबोधन में रादेव ने कहा, “हमारे देश के भविष्य की लड़ाई अभी बाकी है, और मुझे विश्वास है कि हम इसे आप सभी के साथ मिलकर लड़ेंगे — ईमानदार, प्रेरित और अडिग नागरिकों के साथ। हम तैयार हैं, हम कर सकते हैं और हम सफल होंगे।”
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रादेव का यह फैसला ऐसे समय आया है जब जनता के बीच यह उम्मीद जताई जा रही है कि वे एक नई राजनीतिक पार्टी बना सकते हैं। यह बुल्गारिया के उत्तर-सम्यवादी इतिहास में पहली बार है जब किसी राष्ट्राध्यक्ष ने इस्तीफा दिया है। यूरोपीय संघ और नाटो का सदस्य यह देश लंबे समय से राजनीतिक अस्थिरता से जूझ रहा है।
भ्रष्टाचार विरोधी प्रदर्शनों के बाद केंद्र-दक्षिणपंथी जीईआरबी पार्टी के नेतृत्व वाली सरकार गिर गई। संसद में नई सरकार बनाने की सभी कोशिशें नाकाम रहीं, जिससे 2021 के बाद यह देश आठवें संसदीय चुनाव की ओर बढ़ रहा है।
रादेव, जिनका दूसरा कार्यकाल 2026 में समाप्त होना था, कई बार संकेत दे चुके हैं कि वे आगामी चुनावों में उतर सकते हैं। 62 वर्षीय पूर्व वायुसेना जनरल रादेव, जीईआरबी नेता बॉयको बोरिसोव और अमेरिकी व ब्रिटिश प्रतिबंधों का सामना कर चुके कारोबारी-राजनेता डेल्यान पीवस्की के कड़े आलोचक रहे हैं। हालांकि, सोमवार को उन्होंने अपने भविष्य की योजनाओं पर कोई स्पष्ट टिप्पणी नहीं की।
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