बेउर जेल से विधानसभा पहुंचे अनंत सिंह ने मोकामा विधायक के रूप में ली शपथ, नीतीश कुमार के पैर छुए
मोकामा से जद(यू) विधायक अनंत सिंह ने जेल से आकर विधानसभा में शपथ ली। शपथ के बाद उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पैर छूकर आशीर्वाद लिया।
बिहार की राजनीति में उस समय खासा ध्यान आकर्षित हुआ जब मोकामा से जनता दल (यूनाइटेड) के विधायक अनंत सिंह ने बिहार विधानसभा में शपथ ग्रहण की। अनंत सिंह को कड़ी सुरक्षा के बीच बेउर जेल से एंबुलेंस के जरिए विधानसभा लाया गया। वह पिछले तीन महीनों से दुलारचंद यादव हत्याकांड में न्यायिक हिरासत में हैं।
मंगलवार को सदन के भीतर अनंत सिंह ने बिना शपथ-पत्र पढ़े विधायक पद की शपथ पूरी की। शपथ ग्रहण के तुरंत बाद वह मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पास पहुंचे और उनके पैर छूकर आशीर्वाद लिया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने उनके माथे पर लगे तिलक के बारे में भी उनसे पूछा। सदन में मौजूद अन्य सदस्य इस दृश्य को देखते रह गए। शपथ के बाद अनंत सिंह अपनी सीट पर लौट गए।
पटना सिविल कोर्ट ने अनंत सिंह को केवल शपथ ग्रहण के लिए विधानसभा आने की अनुमति दी थी। फिलहाल उन्हें जमानत नहीं मिली है, इसलिए विधानसभा की कार्यवाही समाप्त होते ही उन्हें दोबारा बेउर जेल लौटना होगा। संविधान के अनुच्छेद 188 के तहत किसी भी विधायक के लिए सदन की कार्यवाही में भाग लेने से पहले शपथ लेना अनिवार्य है, जबकि अनुच्छेद 193 बिना शपथ के कार्य करने पर रोक लगाता है। शपथ के बाद अनंत सिंह ने कहा, “मैं निर्दोष हूं, मुझे न्याय मिलेगा।”
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इस पूरे घटनाक्रम को देखते हुए विधानसभा परिसर में सुरक्षा के बेहद कड़े इंतजाम किए गए थे। अतिरिक्त पुलिस बल, सीसीटीवी निगरानी, क्विक रिस्पॉन्स टीमें और एस्कॉर्ट वाहन तैनात किए गए। समर्थकों के जुटने पर रोक लगाई गई और सभी प्रवेश द्वारों पर सख्त जांच की गई।
अक्टूबर में हुए चुनाव में अनंत सिंह ने मोकामा सीट से भारी जीत दर्ज की थी। उन्हें 91,416 वोट मिले, जबकि आरजेडी की वीणा देवी को 63,210 वोट हासिल हुए। 28,206 वोटों के बड़े अंतर से जीत ने क्षेत्र में उनके प्रभाव को दर्शाया। हालांकि, विधायक के रूप में उनकी सक्रिय भूमिका अब हाईकोर्ट द्वारा जमानत पर लिए जाने वाले फैसले पर निर्भर करेगी।
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