डेनमार्क के प्रधानमंत्री ने भारत को बताया दुनिया की बड़ी ताकत, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में कही बड़ी बात
डेनमार्क की प्रधानमंत्री मेटे फ्रेडरिकसन ने ओस्लो में पीएम नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में भारत को दुनिया की बड़ी शक्ति बताया और नॉर्डिक देशों के साथ सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया।
डेनमार्क की प्रधानमंत्री मेटे फ्रेडरिकसेन ने भारत की बढ़ती वैश्विक ताकत की खुलकर सराहना करते हुए कहा कि अब भारत को केवल “मिडिल पावर” नहीं कहा जा सकता, बल्कि वह दुनिया की सबसे बड़ी शक्तियों में शामिल हो चुका है। उन्होंने यह बयान नॉर्वे की राजधानी ओस्लो में आयोजित तीसरे इंडिया-नॉर्डिक शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में दिया।
फ्रेडरिकसन ने कहा कि मौजूदा वैश्विक व्यवस्था तेजी से बदल रही है और लोकतांत्रिक देशों को मिलकर स्थिरता तथा समृद्धि सुनिश्चित करनी होगी। उन्होंने कहा कि भारत अब केवल क्षेत्रीय शक्ति नहीं बल्कि वैश्विक स्तर पर प्रभाव रखने वाला बड़ा देश बन चुका है।
डेनमार्क की प्रधानमंत्री ने कहा, “हम भारत को मिडिल पावर नहीं कह सकते। भारत दुनिया की सबसे बड़ी शक्तियों में से एक है। नॉर्डिक देश आकार में छोटे हैं, लेकिन जब हम एकजुट होते हैं तो हमारी ताकत बढ़ जाती है। भारत के साथ मिलकर हम दुनिया में स्थिरता, समृद्धि और एकता ला सकते हैं।”
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उन्होंने बताया कि भारत और नॉर्डिक देशों के बीच लोकतंत्र, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, नई तकनीक, ग्रीन ट्रांजिशन, रक्षा और सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा हुई है।
वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि भारत और नॉर्डिक देशों ने वैश्विक तनाव और संघर्षों के बीच नियम आधारित अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था के समर्थन पर सहमति जताई है। उन्होंने कहा कि यूक्रेन और पश्चिम एशिया जैसे क्षेत्रों में शांति बहाली के प्रयासों का समर्थन जारी रहेगा।
पीएम मोदी ने बहुपक्षीय संस्थाओं में सुधार की जरूरत पर भी जोर दिया और आतंकवाद के खिलाफ सख्त रुख दोहराते हुए कहा कि इस मुद्दे पर कोई समझौता और दोहरे मानदंड स्वीकार नहीं किए जाएंगे।