सीजेपी प्रदर्शन में आरएएफ जवान पर हमले के मामले में एफआईआर दर्ज, वायरल वीडियो की जांच तेज
सीजेपी प्रदर्शन के दौरान आरएएफ जवान पर कथित हमले और वायरल वीडियो के मामले में दिल्ली पुलिस ने एफआईआर दर्ज की। हिंसा की जांच तेज कर कई वीडियो खंगाले जा रहे हैं।
दिल्ली पुलिस ने कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के 'संसद चलो' प्रदर्शन के दौरान रैपिड एक्शन फोर्स (आरएएफ) के एक जवान पर कथित हमले और उससे जुड़े वायरल वीडियो के मामले में एफआईआर दर्ज की है। पुलिस के अनुसार मंगलवार शाम करीब 8 बजे प्रदर्शन के दौरान एक भीड़ ने आरएएफ के जवान को घेर लिया और उसके साथ मारपीट की। समय रहते अन्य जवानों ने मौके पर पहुंचकर उसे बचाया, जिससे उसकी जान बच सकी।
पुलिस ने बताया कि इस घटना और प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा के संबंध में अब तक आठ से नौ एफआईआर दर्ज की जा चुकी हैं। आरएएफ जवान पर जानलेवा हमले से संबंधित मामला भी इन्हीं एफआईआर में शामिल है। पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है और दोषियों की पहचान की जा रही है।
इससे पहले सोमवार को कनॉट प्लेस क्षेत्र से पत्थरबाजी का एक वीडियो सामने आया था। वीडियो में कुछ युवक पुलिस बैरिकेड के पीछे और उसके पास से सुरक्षाकर्मियों पर पत्थर फेंकते दिखाई दिए। पुलिस का आरोप है कि प्रदर्शन के दौरान बार-बार चेतावनी दिए जाने और कानूनी निर्देशों के बावजूद प्रदर्शनकारियों ने प्रतिबंधात्मक आदेशों का उल्लंघन किया तथा आक्रामक और हिंसक व्यवहार अपनाया।
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पुलिस ने सभी प्रदर्शनकारियों से शांति बनाए रखने, संयम बरतने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने की अपील की है।
इससे पहले दर्ज एफआईआर में कथित हिंसा, पथराव, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने, पुलिसकर्मियों पर हमला करने और सरकारी कार्य में बाधा डालने जैसे आरोप शामिल हैं। ये मामले संसद मार्ग और कनॉट प्लेस थानों में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), 2023, आर्म्स एक्ट, 1959 और सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम (पीडीपीपी अधिनियम) की विभिन्न धाराओं के तहत दर्ज किए गए हैं।
जांच के दौरान पुलिस 250 से अधिक वीडियो की जांच कर रही है ताकि हिंसा में शामिल लोगों की पहचान की जा सके। इसके अलावा संसद सत्र के दौरान बिना अनुमति ड्रोन उड़ाने और हिंसा की कथित साजिश से जुड़े मामलों में भी अलग-अलग एफआईआर दर्ज कर जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
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