संरचनात्मक मतभेद खत्म नहीं हुए, भारत-चीन संबंधों पर चीनी विशेषज्ञ ने जताई राय; सीमा पर स्थिरता पर जोर
चीनी रणनीतिक मामलों के विशेषज्ञ हू शिशेंग ने कहा कि भारत-चीन संबंधों में संरचनात्मक मतभेद कायम हैं। सीमा वार्ता में तत्काल समाधान के बजाय स्थिरता संस्थागत करने पर जोर रहेगा।
भारत और चीन के बीच संबंधों में सुधार के प्रयासों के बावजूद दोनों देशों के बीच संरचनात्मक मतभेद अभी समाप्त नहीं हुए हैं। चीन के प्रमुख दक्षिण एशिया विशेषज्ञ और रणनीतिक मामलों के विद्वान हू शिशेंग ने कहा है कि सीमा विवाद पर तत्काल किसी बड़े समझौते की उम्मीद के बजाय दोनों देशों का ध्यान स्थिरता को संस्थागत रूप देने पर रहने की संभावना है।
यह बयान ऐसे समय आया है जब भारत और चीन मंगलवार, 25 अगस्त 2026 को बीजिंग में सीमा विवाद पर विशेष प्रतिनिधियों की 25वीं दौर की वार्ता कर रहे हैं। भारत की ओर से राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल और चीन की ओर से विदेश मंत्री वांग यी वार्ता में शामिल होंगे।
हू शिशेंग के अनुसार, दोनों देशों के बीच सीमा पर स्थिति को स्थिर बनाए रखना इस समय प्रमुख प्राथमिकता हो सकती है। उनका कहना है कि संबंधों में मौजूद मूलभूत या संरचनात्मक मतभेद अभी समाप्त नहीं हुए हैं। ऐसे में दोनों पक्ष किसी नाटकीय समाधान के बजाय संवाद और मौजूदा स्थिरता को मजबूत करने वाली व्यवस्थाओं पर अधिक ध्यान दे सकते हैं।
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शी चिनफिंग की संभावित भारत यात्रा पर नजर
वार्ता के दौरान अजीत डोभाल और वांग यी द्विपक्षीय संबंधों की मौजूदा स्थिति का भी जायजा लेंगे। दोनों नेताओं की बैठक ऐसे समय हो रही है जब अगले महीने ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के लिए चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग की भारत यात्रा की उम्मीद जताई जा रही है।
अगर यह यात्रा होती है तो सात वर्षों में शी चिनफिंग की भारत की पहली यात्रा होगी। ऐसे में सीमा मुद्दे के साथ-साथ दोनों देशों के व्यापक संबंधों को लेकर भी इस वार्ता को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
भारत और चीन के बीच सीमा विवाद लंबे समय से द्विपक्षीय संबंधों में प्रमुख चुनौती रहा है। सीमा पर तनाव कम करने और शांति बनाए रखने के लिए दोनों देशों के सैन्य और कूटनीतिक स्तर पर कई दौर की बातचीत हो चुकी है।
विशेषज्ञ हू शिशेंग की टिप्पणी से संकेत मिलता है कि आगामी वार्ता में तत्काल किसी बड़े सीमा समझौते की तुलना में स्थिरता, संवाद और संस्थागत तंत्र को मजबूत करने पर ज्यादा जोर दिया जा सकता है।
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