इज़राइल के किर्यात शमोना पर ईरान का हमला, राष्ट्रपति इसाक हर्ज़ोग को लेना पड़ा शरण
ईरान ने इज़राइल के किर्यात शमोना पर हमला किया, राष्ट्रपति हर्ज़ोग को शरण लेनी पड़ी। ट्रंप ने वार्ता का दावा किया, लेकिन ईरान ने इनकार किया, तनाव बढ़ा।
ईरान और इज़राइल के बीच जारी युद्ध के बीच एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। उत्तरी इज़राइल के शहर किर्यात शमोना में ईरान के हमले के दौरान इज़राइल के राष्ट्रपति इसाक हर्ज़ोग को सुरक्षा के लिए शरण लेनी पड़ी।
यह घटना उस समय हुई जब हर्ज़ोग एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित कर रहे थे। अपने भाषण में उन्होंने कहा कि इज़राइल अब पिछले साल के युद्धविराम पर वापस नहीं जा सकता और उसे लेबनान के अंदर रणनीतिक बढ़त सुनिश्चित करनी होगी।
इस बीच डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि अमेरिका ईरान के साथ बातचीत कर रहा है और युद्ध समाप्त करने के लिए समझौते की संभावना है। उन्होंने होर्मुज जलडमरूमध्य को खोलने के लिए ईरान को पांच दिन की अतिरिक्त समयसीमा दी है, अन्यथा उसके बिजली संयंत्रों पर हमले की चेतावनी दी है।
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ट्रंप के इस रुख से वैश्विक तेल कीमतों में गिरावट आई है और शेयर बाजार में भी हलचल देखी गई है। उन्होंने यह भी दावा किया कि अमेरिका के दूत स्टीव विटकॉफ और उनके दामाद जारेड कुशनर ने ईरानी नेता से बातचीत की है। हालांकि उन्होंने यह स्पष्ट किया कि सर्वोच्च नेता अयातुल्ला मोजतबा खामेनेई से कोई वार्ता नहीं हुई।
वहीं मोहम्मद बाघेर ग़ालिबाफ़ ने इन दावों को खारिज करते हुए कहा कि अमेरिका “फेक न्यूज” फैलाकर तेल और वित्तीय बाजारों को प्रभावित करने की कोशिश कर रहा है।
इस युद्ध में अब तक 2000 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर इसका गंभीर प्रभाव पड़ा है।
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