अन्नामलाई ने भाजपा से दिया इस्तीफा, तमिलनाडु की राजनीति में नया राजनीतिक आंदोलन शुरू करने की तैयारी
के. अन्नामलाई ने भाजपा से इस्तीफा देकर तमिलनाडु में नया राजनीतिक आंदोलन शुरू करने का संकेत दिया है। वे युवाओं के मुद्दों पर केंद्रित नई राजनीतिक दिशा बनाने की तैयारी में हैं।
तमिलनाडु की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। पूर्व आईपीएस अधिकारी और भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष के. अन्नामलाई ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से इस्तीफा दे दिया। बताया जा रहा है कि उन्होंने सोशल मीडिया पर समर्थकों से बातचीत करने की निर्धारित समय से कुछ घंटे पहले ही यह कदम उठाया।
अन्नामलाई ने एक दिन पहले संकेत दिया था कि वह शुक्रवार दोपहर 12 बजे जनता से जुड़कर अपने भविष्य की योजना साझा करेंगे। उन्होंने कहा था कि वे लोगों से खुलकर संवाद करेंगे और अपने विचार सामने रखेंगे। इसी बीच उनके इस्तीफे ने राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी।
सूत्रों के अनुसार, अन्नामलाई भाजपा छोड़ने के बाद एक नया राजनीतिक आंदोलन शुरू करने की तैयारी में हैं, जिसका फोकस तमिलनाडु के युवाओं की आकांक्षाओं पर होगा। माना जा रहा है कि वे राज्य में एक नई राजनीतिक दिशा देने की कोशिश कर सकते हैं।
हालांकि, भाजपा नेताओं ने पहले उनके पार्टी छोड़ने की अटकलों को खारिज किया था और दावा किया था कि वे पार्टी में बने रहेंगे। बताया जाता है कि हाल ही में नई दिल्ली दौरे के दौरान अन्नामलाई ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित शीर्ष भाजपा नेताओं से मुलाकात की थी और अपनी चिंताओं को उनके सामने रखा था। पार्टी नेतृत्व ने उन्हें भाजपा में बने रहने की सलाह दी थी।
सूत्रों के मुताबिक, अन्नामलाई राज्य इकाई में खुद को किनारे किए जाने से असंतुष्ट थे। साथ ही वे भाजपा और एआईएडीएमके के बीच सीट बंटवारे की चर्चाओं से भी असहमत बताए जा रहे हैं।
उनका इस्तीफा तमिलनाडु की राजनीति में एक महत्वपूर्ण मोड़ माना जा रहा है और इसका असर राज्य में भाजपा की भविष्य की चुनावी रणनीति पर भी पड़ सकता है।
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