मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने खंडवा के दादा दरबार मंदिर में की पूजा-अर्चना, मांगा आशीर्वाद
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने खंडवा स्थित दादा दरबार मंदिर में पूजा-अर्चना कर दादा जी का आशीर्वाद लिया और सर्वधर्म समभाव के संदेश को आगे बढ़ाने की बात कही।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सोमवार को खंडवा स्थित प्रसिद्ध दादा दरबार मंदिर पहुंचकर पूजा-अर्चना की और दादा जी का आशीर्वाद लिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पवित्र स्थल लोगों की आस्था का केंद्र है और यहां आकर उन्हें आध्यात्मिक शांति का अनुभव हुआ।
मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि वह गुरु पूर्णिमा से दो दिन पहले इस पावन स्थान पर दादा जी के दर्शन करने और उनका आशीर्वाद प्राप्त करने पहुंचे हैं। उन्होंने कहा कि दादा जी का जीवन मानव सेवा और जनकल्याण के लिए समर्पित था। उनका उद्देश्य भूखों को भोजन कराना और लोगों के दुखों को दूर करना था।
मोहन यादव ने दादा दरबार मंदिर की विशेषताओं का उल्लेख करते हुए कहा कि यह स्थान सर्वधर्म समभाव की भावना को दर्शाता है। यहां सभी धर्मों और समुदायों के लोग समान श्रद्धा के साथ आते हैं। उन्होंने कहा कि दादा जी के विचार आज भी समाज को सेवा, करुणा और भाईचारे का संदेश देते हैं।
मुख्यमंत्री ने मंदिर परिसर में विधि-विधान से पूजा की और प्रदेश की सुख-समृद्धि तथा जनता के कल्याण की कामना की। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु और स्थानीय लोग मौजूद रहे।
दादा दरबार मंदिर खंडवा का एक प्रमुख धार्मिक स्थल है, जहां देशभर से श्रद्धालु पहुंचते हैं। यह स्थान सामाजिक सेवा और धार्मिक सद्भाव के लिए भी जाना जाता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्य प्रदेश सरकार धार्मिक स्थलों के विकास और श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि राज्य की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत को संरक्षित करना सरकार की प्राथमिकता है।
इस अवसर पर स्थानीय जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री के दौरे को देखते हुए मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा एवं व्यवस्था के विशेष इंतजाम किए गए थे।
मोहन यादव ने अपने संदेश में कहा कि दादा जी के आदर्श समाज को सेवा, मानवता और एकता के मार्ग पर आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं। उन्होंने लोगों से इन मूल्यों को अपने जीवन में अपनाने की अपील की।