जम्मू-कश्मीर के रामबन में सुरक्षा बैरिकेड तोड़कर भागी एसयूवी, चेतावनी फायरिंग के बाद बड़े स्तर पर तलाशी अभियान शुरू
जम्मू-कश्मीर के रामबन में एक संदिग्ध स्कॉर्पियो सुरक्षा जांच तोड़कर फरार हो गई। पुलिस की चेतावनी फायरिंग के बाद सेना, सीआरपीएफ और पुलिस ने संयुक्त तलाशी अभियान शुरू किया।
जम्मू-कश्मीर के रामबन जिले में शुक्रवार तड़के एक संदिग्ध स्कॉर्पियो एसयूवी सुरक्षा जांच चौकी को तोड़कर फरार हो गई। इस घटना के बाद पूरे इलाके में सुरक्षा एजेंसियों ने व्यापक तलाशी अभियान शुरू कर दिया है। अधिकारियों के अनुसार, वाहन श्रीनगर से जम्मू की ओर जा रहा था और चंदरकोट क्षेत्र में स्थापित सुरक्षा जांच चौकी पर उसे रोकने का संकेत दिया गया था।
पुलिस के मुताबिक, चालक ने सुरक्षाकर्मियों के रुकने के संकेतों की अनदेखी की और वाहन की गति बढ़ाते हुए नाशरी की ओर भाग निकला। वाहन को रोकने के लिए पुलिस ने तीन राउंड चेतावनी स्वरूप गोलियां भी चलाईं, लेकिन चालक मौके से फरार होने में सफल रहा।
घटना के तुरंत बाद जम्मू-कश्मीर पुलिस, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) और भारतीय सेना ने संयुक्त अभियान शुरू किया। सुरक्षा बल संदिग्ध वाहन की तलाश के साथ-साथ उसमें सवार लोगों की पहचान करने का प्रयास कर रहे हैं। आसपास के इलाकों और प्रमुख मार्गों पर अतिरिक्त नाकेबंदी कर तलाशी अभियान तेज कर दिया गया है।
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यह घटना ऐसे समय में हुई है जब अमरनाथ यात्रा जारी है और रामबन जिला यात्रा मार्ग का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। सुरक्षा एजेंसियों ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए पूरे क्षेत्र में सतर्कता बढ़ा दी है।
गौरतलब है कि अनुच्छेद 370 हटाए जाने की सातवीं वर्षगांठ के मद्देनजर एक दिन के लिए स्थगित रहने के बाद गुरुवार को अमरनाथ यात्रा दोबारा शुरू हुई थी। भगवती नगर आधार शिविर से कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच 1,801 श्रद्धालुओं का 28वां जत्था बालटाल आधार शिविर के लिए रवाना हुआ। इस जत्थे में 1,347 पुरुष, 351 महिलाएं, 89 साधु और 14 साध्वियां शामिल थीं, जिन्होंने 74 वाहनों से यात्रा की।
अधिकारियों के अनुसार, अब तक 1,43,513 श्रद्धालु जम्मू से अमरनाथ यात्रा के लिए रवाना हो चुके हैं, जबकि 4.71 लाख से अधिक श्रद्धालु बाबा बर्फानी के पवित्र हिमलिंग के दर्शन कर चुके हैं। 57 दिनों तक चलने वाली यह वार्षिक यात्रा 28 अगस्त को संपन्न होगी।