NEC बैठक में त्रिपुरा के मुख्यमंत्री ने उठाई अगरतला-चटगांव उड़ान और रेल विस्तार की मांग
माणिक साहा ने NEC बैठक में अगरतला-चटगांव उड़ान, रेल विस्तार, आईटी पार्क और ‘प्राइड ऑफ हिल्स’ योजना के तहत त्रिपुरा के लिए अधिक केंद्रीय सहायता की मांग की।
त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने पूर्वोत्तर परिषद (एनईसी) की पूर्ण बैठक में राज्य के विकास और संपर्क सुविधाओं को मजबूत करने के लिए कई महत्वपूर्ण मांगें केंद्र सरकार के समक्ष रखीं। उन्होंने अगरतला और चटगांव के बीच सीधी हवाई सेवा शुरू करने, रेल नेटवर्क के विस्तार तथा राज्य के लिए केंद्रीय सहायता बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अगरतला-चटगांव हवाई सेवा शुरू होने से त्रिपुरा की क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी मजबूत होगी। इससे व्यापार, पर्यटन और निवेश को बढ़ावा मिलेगा तथा पूर्वोत्तर क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों में तेजी आएगी। उन्होंने बताया कि बांग्लादेश के चटगांव बंदरगाह से बेहतर संपर्क राज्य के विकास के लिए बेहद महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।
माणिक साहा ने बैठक में रेल संपर्क के विस्तार की भी मांग की। उनका कहना था कि बेहतर रेल नेटवर्क से राज्य के दूरदराज क्षेत्रों को मुख्यधारा से जोड़ने में मदद मिलेगी और लोगों को परिवहन की बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी।
इसके अलावा मुख्यमंत्री ने त्रिपुरा में एक आधुनिक आईटी पार्क स्थापित करने का प्रस्ताव भी रखा। उन्होंने कहा कि इससे राज्य के युवाओं को सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर मिलेंगे और स्थानीय स्तर पर उद्योगों के विकास को भी बढ़ावा मिलेगा।
मुख्यमंत्री ने केंद्र सरकार की ‘प्राइड ऑफ हिल्स’ योजना के तहत मिलने वाले वित्तीय प्रावधान को बढ़ाने की मांग भी की। उन्होंने सुझाव दिया कि वर्तमान में उपलब्ध 3,450 करोड़ रुपये की राशि को बढ़ाकर कम से कम 6,000 करोड़ रुपये प्रतिवर्ष किया जाए। उनका मानना है कि इससे पहाड़ी और पिछड़े क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे, शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य विकास परियोजनाओं को गति मिलेगी।
उन्होंने कहा कि पूर्वोत्तर भारत के समग्र विकास के लिए केंद्र और राज्यों के बीच मजबूत सहयोग आवश्यक है। मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा।
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