डोनाल्ड ट्रंप का बड़ा दावा, गाजा में हमास के निरस्त्रीकरण और इज़राइल की वापसी पर बनी सहमति
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि गाजा में हमास के निरस्त्रीकरण और इज़राइली सेना की वापसी पर समझौता हुआ है, हालांकि इसके क्रियान्वयन में कई चरण और चुनौतियां बाकी हैं।
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को दावा किया कि हमास के निरस्त्रीकरण (हथियार छोड़ने) और इज़राइल की सेना की गाजा से चरणबद्ध वापसी को लेकर एक समझौता हो गया है। हालांकि, इस दावे पर न तो हमास और न ही इज़राइल की ओर से तत्काल आधिकारिक पुष्टि की गई है। यदि यह समझौता लागू होता है तो यह गाजा में जारी संघर्ष को समाप्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जाएगा।
व्हाइट हाउस के अनुसार यह घोषणा अमेरिका की मध्यस्थता में हुए युद्धविराम समझौते के लगभग नौ महीने बाद आई है। अब तक दूसरे चरण की वार्ताएं हमास के निरस्त्रीकरण और गाजा के पुनर्निर्माण जैसे मुद्दों पर अटकी हुई थीं।
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि इस समझौते को कई चरणों में लागू किया जाएगा। पहले चरण में हमास अपने हथियार सौंपेगा। इसके बाद इज़राइली सेना गाजा से चरणबद्ध तरीके से हटेगी। सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी एक अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण बल और नई फिलिस्तीनी पुलिस के हवाले की जाएगी, ताकि गाजा के नागरिकों और पड़ोसी क्षेत्रों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
ट्रंप की 20 सूत्रीय युद्धविराम योजना में हमास से अपने हथियार छोड़ने और सुरंगों के विशाल नेटवर्क को नष्ट करने की भी बात कही गई है। इसके साथ ही गाजा में संयुक्त राष्ट्र समर्थित तकनीकी फिलिस्तीनी प्रशासन की स्थापना, अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा बल की तैनाती और युद्ध से प्रभावित इलाके के पुनर्निर्माण का प्रस्ताव भी शामिल है।
इस महीने की शुरुआत में हमास ने घोषणा की थी कि उसने गाजा में अपनी सरकार भंग कर दी है और सत्ता संयुक्त राष्ट्र समर्थित तकनीकी समिति को सौंपने की तैयारी कर रहा है। हालांकि, संगठन पहले अपने हथियारों पर चर्चा से पहले युद्धविराम के प्रारंभिक चरण को पूरी तरह लागू करने की मांग करता रहा है।
गौरतलब है कि 7 अक्टूबर 2023 को हमास के नेतृत्व में दक्षिणी इज़राइल पर हुए हमले में लगभग 1,200 लोगों की मौत हुई थी और 251 लोगों को बंधक बनाया गया था। इसके जवाब में इज़राइल द्वारा गाजा में चलाए गए सैन्य अभियान में गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार 73,000 से अधिक फिलिस्तीनियों की मौत हो चुकी है। वर्तमान में गाजा का बड़ा हिस्सा इज़राइली सैन्य नियंत्रण में है और लाखों लोग विस्थापन तथा मानवीय संकट का सामना कर रहे हैं।