×
 
☰

होर्मुज जलडमरूमध्य में पनामा-ध्वज वाले जहाज पर हमला, 11 भारतीय समेत 12 चालक दल सदस्य घायल

होर्मुज जलडमरूमध्य में पनामा-ध्वज वाले वाणिज्यिक जहाज पर प्रक्षेप्य से हमला हुआ। 11 भारतीयों समेत 12 चालक दल सदस्य घायल हुए, जिन्हें ओमान में इलाज के लिए पहुंचाया गया।

ओमान के तट के पास होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर रहे पनामा-ध्वज वाले वाणिज्यिक जहाज एमटी ऑन पीस पर मंगलवार को प्रक्षेप्य से हमला हुआ। इस घटना में चालक दल के 12 सदस्य घायल हुए, जिनमें 11 भारतीय नागरिक हैं। भारत के विदेश मंत्रालय ने हमले की पुष्टि करते हुए इसकी कड़ी निंदा की है।

विदेश मंत्रालय के अनुसार, जहाज पर कुल 17 भारतीय नागरिक सवार थे। हमले के बाद घायल चालक दल के सदस्यों को ओमानी अधिकारियों की सहायता से सुरक्षित बाहर निकाला गया। सभी घायलों को उपचार के लिए खसाब, ओमान पहुंचाया गया है।

विदेश मंत्रालय ने कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरते समय एमटी ऑन पीस को निशाना बनाया गया। भारत ने क्षेत्र में वाणिज्यिक जहाजों और समुद्री यात्रियों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई है।

और पढ़ें: तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई उड़ान में पायलट पर हमले का आरोपी हमाम अलहमामी, सीरिया में रहा था अधिकतर समय

मंत्रालय ने कहा कि क्षेत्र में जहाजों पर लगातार हो रहे हमले बेहद चिंताजनक हैं। भारत ने शांति और क्षेत्रीय स्थिरता के हित में ऐसे हमलों को तत्काल रोकने की अपील की है। विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि वाणिज्यिक जहाजों, समुद्री यात्रियों और नागरिक बुनियादी ढांचे को निशाना बनाना बंद होना चाहिए।

भारत ने अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों के जरिए नौवहन और व्यापार को जल्द से जल्द बहाल करने की भी मांग की है। साथ ही, विदेश मंत्रालय ने इस घटना में ओमान के अधिकारियों द्वारा दी गई सहायता के लिए धन्यवाद दिया।

इससे पहले 13 सितंबर को भी ओमान के तट के पास एक व्यापारी जहाज पर हमला हुआ था। उस जहाज पर 14 भारतीय नागरिक सवार थे। भारत ने तब भी हमले की निंदा करते हुए क्षेत्र में तनाव कम करने और बातचीत तथा कूटनीति के जरिए समाधान की अपील की थी।

भारत लगातार समुद्री यात्रियों की सुरक्षा का मुद्दा उठा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली में ब्रिक्स सम्मेलन के दौरान नाविकों की सुरक्षा के लिए ‘सीफेयरर्स इमरजेंसी सपोर्ट नेटवर्क’ बनाने का प्रस्ताव दिया था। इसका उद्देश्य संकट के समय समुद्री अधिकारियों और राजनयिक मिशनों के बीच समन्वय कर चिकित्सा सहायता, बचाव और निकासी जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराना है।

और पढ़ें: ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले टेस्ट से पहले कागिसो रबाडा की फिटनेस पर संशय, आखिरी समय में होगा फैसला

 
 
 
Gallery Gallery Videos Videos Share on WhatsApp Share