अपोलो-12 अंतरिक्ष यात्रियों ने अंतरिक्ष में देखीं रहस्यमयी रोशनी की धारियां, पेंटागन ने जारी की यूएफओ फाइलें
पेंटागन द्वारा जारी नई यूएफओ फाइलों में अपोलो-12 अंतरिक्ष यात्रियों ने अंतरिक्ष में रहस्यमयी रोशनी देखने का दावा किया, जबकि नासा ने इसे कॉस्मिक रेडिएशन बताया।
अमेरिका के रक्षा विभाग ने शुक्रवार को यूएफओ (अनआइडेंटिफाइड फ्लाइंग ऑब्जेक्ट) से जुड़े गोपनीय दस्तावेजों का दूसरा हिस्सा सार्वजनिक किया। इनमें अपोलो-12 मिशन के अंतरिक्ष यात्रियों की एक ऑडियो रिकॉर्डिंग भी शामिल है, जिसमें उन्होंने अंतरिक्ष में “रहस्यमयी रोशनी की धारियां” देखने का दावा किया है।
करीब 7 मिनट 50 सेकंड की इस ऑडियो क्लिप का शीर्षक ‘NASA-UAP-D008, Apollo 12 Medical Debriefing - Tape 12, 1969’ है। इसमें अपोलो-12 मिशन के कमांडर चार्ल्स पीट कॉनराड जूनियर, कमांड मॉडल पायलट रिचर्ड डिक एफ गॉर्डन जूनियर और लूनर मॉडल पायलट एलन एल बीन अपने अनुभव साझा करते सुनाई दे रहे हैं।
अंतरिक्ष यात्रियों ने बताया कि गहरे अंतरिक्ष में सोने की कोशिश के दौरान उन्हें बार-बार चमकती हुई रोशनी दिखाई देती थी। एक अंतरिक्ष यात्री ने कहा कि यह ऐसा लगता था जैसे कोई प्रकाश बिंदु दाएं से बाएं दिशा में तेजी से गुजर रहा हो। उन्होंने बताया कि रोशनी की धारियां हमेशा क्षैतिज दिशा में दिखाई देती थीं।
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हालांकि, अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने इन रोशनियों को यूएफओ नहीं माना है। नासा के अनुसार, ये रोशनी संभवतः कॉस्मिक किरणों के कारण दिखाई दी थीं, जो अंतरिक्ष यात्रियों की आंखों और दृश्य प्रणाली से टकरा रही थीं। आसान शब्दों में कहें तो अंतरिक्ष यात्री अंतरिक्ष में मौजूद रेडिएशन को देख रहे थे।
गौरतलब है कि इससे पहले 8 मई को अमेरिका ने यूएफओ से जुड़ी पहली फाइलें जारी की थीं। यह कदम अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निर्देश के बाद उठाया गया।
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