सीजेपी प्रदर्शन के दौरान पुलिस कार्रवाई, अरविंद केजरीवाल और संजय सिंह समेत कई नेता हिरासत में
दिल्ली में सीजेपी प्रदर्शन के दौरान अरविंद केजरीवाल, संजय सिंह समेत कई नेता हिरासत में लिए गए। मल्लिकार्जुन खरगे ने कार्रवाई की आलोचना कर लोकतांत्रिक स्वतंत्रताओं पर सवाल उठाए।
दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के प्रस्तावित प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने कई राजनीतिक नेताओं को हिरासत में लिया। हिरासत में लिए गए नेताओं में दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल, सांसद संजय सिंह, सौरभ भारद्वाज और दुर्गेश पाठक शामिल हैं। ये नेता मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के विरोध में जंतर-मंतर जाने की कोशिश कर रहे थे।
हिरासत में लिए जाने के बाद केजरीवाल ने कहा, “देश का युवा जाग चुका है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तानाशाही नहीं चलेगी। वोट चोर ज्ञानेश कुमार को जाना होगा।” दिल्ली पुलिस के सूत्रों के मुताबिक, कनॉट प्लेस इलाके में जंतर-मंतर की ओर मार्च करने की कथित कोशिश कर रहे करीब 200 अन्य प्रदर्शनकारियों को भी हिरासत में लिया गया।
अभिजीत दिपके और ध्रुव राठी भी हिरासत में
इससे पहले पुलिस ने सीजेपी नेता अभिजीत दिपके और यूट्यूबर ध्रुव राठी को हिरासत में लिया था। सीजेपी द्वारा साझा किए गए वीडियो में दिपके विमान में पहुंचे पुलिसकर्मियों से कहते सुनाई दिए, “हम यहां गिरफ्तार होने आए हैं, आइए और हमें गिरफ्तार कीजिए।” दिपके ने आरोप लगाया कि पार्टी नेताओं के साथ अपराधियों जैसा व्यवहार किया जा रहा है। उन्होंने मौजूदा स्थिति को “तानाशाही” बताया।
केरल के पूर्व मुख्यमंत्री पिनराई विजयन, त्रिपुरा के पूर्व मुख्यमंत्री मानिक सरकार और माकपा सांसद जॉन ब्रिटास को भी पुलिस ने हिरासत में लिया।
मल्लिकार्जुन खरगे ने केंद्र पर साधा निशाना
कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे ने नेताओं और प्रदर्शनकारियों की हिरासत की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि मोदी सरकार लोकतांत्रिक स्वतंत्रताओं को कमजोर कर रही है। खरगे ने कहा कि हिरासत, गिरफ्तारी और पुलिस कार्रवाई लोगों को अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाने से नहीं रोक सकती।
दिल्ली पुलिस के अनुसार, प्रदर्शन की अनुमति नहीं मिलने के कारण एहतियाती कार्रवाई की गई। पुलिस ने संवेदनशील स्थानों पर निगरानी बढ़ा दी है और भीड़ जुटाने की कोशिश करने वाले लोगों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।