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कांग्रेस पार्षद ने भाजपा का दामन थामा, खेतड़ी नगर पालिका की निर्विरोध अध्यक्ष बनीं गीता सैनी

राजस्थान की खेतड़ी नगर पालिका में कांग्रेस पार्षद गीता सैनी ने भाजपा का दामन थामकर अध्यक्ष पद का नामांकन किया। कोई प्रतिद्वंद्वी नहीं होने पर वह निर्विरोध चुनी गईं।

राजस्थान की खेतड़ी नगर पालिका में आखिरी समय में राजनीतिक समीकरण बदल गए। कांग्रेस के टिकट पर वार्ड नंबर 5 से चुनाव जीतने वाली पार्षद गीता सैनी ने अध्यक्ष पद के नामांकन की समयसीमा से ठीक पहले भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का दामन थाम लिया। उन्होंने भाजपा उम्मीदवार के रूप में अध्यक्ष पद के लिए नामांकन दाखिल किया और कोई अन्य प्रत्याशी मैदान में नहीं आने के कारण निर्विरोध निर्वाचित हो गईं।

हाल ही में हुए नगर निकाय चुनाव में गीता सैनी ने कांग्रेस के टिकट पर वार्ड 5 से 178 वोटों के अंतर से जीत दर्ज की थी। नामांकन की अंतिम तारीख से पहले उन्होंने भाजपा की सदस्यता ली और पार्टी उम्मीदवार के तौर पर अध्यक्ष पद की दौड़ में शामिल हो गईं। नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद किसी अन्य उम्मीदवार ने पर्चा दाखिल नहीं किया, जिसके चलते उन्हें निर्विरोध अध्यक्ष घोषित कर दिया गया।

खेतड़ी नगर पालिका में कुल 25 वार्ड हैं। चुनाव परिणाम में निर्दलीय उम्मीदवारों ने 13 सीटों पर जीत दर्ज की, जबकि भाजपा को 8 और कांग्रेस को 4 सीटें मिलीं। 25 सदस्यीय बोर्ड में बहुमत का आंकड़ा 13 है। ऐसे में निर्दलीय पार्षद अध्यक्ष पद के चुनाव में महत्वपूर्ण भूमिका में थे। भाजपा ने गीता सैनी की उम्मीदवारी का समर्थन किया और निर्दलीय पार्षदों से भी समर्थन मांगा। नामांकन के दौरान भाजपा के आठ पार्षदों के साथ उनकी उम्मीदवारी का समर्थन करने वाले निर्दलीय पार्षद भी मौजूद रहे।

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गीता सैनी पहले भी खेतड़ी नगर पालिका की अध्यक्ष रह चुकी हैं। हालिया वार्ड चुनाव में उतरने से पहले वह निवर्तमान अध्यक्ष थीं। स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, वार्ड 5 में उनकी 178 वोटों की जीत नगर निकाय चुनाव में सबसे बड़े अंतर वाली जीत रही।

अध्यक्ष पद का चुनाव पहले 21 सितंबर को निर्धारित था। हालांकि, निर्धारित समय तक गीता सैनी के अलावा किसी अन्य प्रत्याशी ने नामांकन दाखिल नहीं किया। नामांकन वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद उन्हें निर्विरोध अध्यक्ष घोषित कर दिया गया। इस घटनाक्रम ने खेतड़ी की स्थानीय राजनीति में अंतिम समय में हुए दल-बदल और बदले राजनीतिक समीकरण को चर्चा में ला दिया है।

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