1901 के बाद भारत में सबसे गर्म रहा अगस्त, मानसून की कमी बढ़कर 14 प्रतिशत हुई
भारत में अगस्त 1901 के बाद सबसे गर्म रहा। औसत तापमान 28 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। देश के करीब 47 प्रतिशत जिलों में सामान्य से कम बारिश हुई।
भारत में इस साल अगस्त का महीना 1901 के बाद अब तक का सबसे गर्म अगस्त रहा। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, अगस्त में देश का औसत तापमान 28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो दीर्घकालिक औसत से करीब 0.67 डिग्री सेल्सियस अधिक है। रात का औसत तापमान भी पिछले 125 वर्षों में सबसे अधिक रहा।
इस बीच देश में मानसून की कमी बढ़कर 14 प्रतिशत हो गई है। देश के कुल 741 जिलों में से करीब 47 प्रतिशत जिले सामान्य से कम बारिश की स्थिति से जूझ रहे हैं। पंजाब, मराठवाड़ा, आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु में बारिश की कमी विशेष रूप से बढ़ी है। इससे कृषि और जल संसाधनों को लेकर चिंता बढ़ सकती है।
मौसम विभाग का यह आंकड़ा ऐसे समय आया है, जब भूमध्यरेखीय प्रशांत महासागर की समुद्री सतह के तापमान में बढ़ोतरी के कारण अल नीनो की स्थिति को लेकर चिंता बढ़ रही है। अल नीनो भारत में मानसून और बारिश के सामान्य पैटर्न को प्रभावित करने के लिए जाना जाता है।
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समुद्र की सतह के तापमान में बदलाव से वातावरण में अतिरिक्त गर्मी बढ़ सकती है। यह स्थिति ऐसे समय में सामने आई है, जब जलवायु परिवर्तन के कारण दुनिया भर में वार्षिक तापमान लगातार बढ़ रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार, अल नीनो की स्थिति भारत में वर्षा के वितरण और तापमान दोनों पर प्रभाव डाल सकती है।
अगस्त में रिकॉर्ड गर्मी और कई राज्यों में बारिश की कमी ने मौसम संबंधी चुनौतियों को बढ़ा दिया है। भारत की कृषि व्यवस्था काफी हद तक मानसून पर निर्भर है, इसलिए बारिश में कमी का असर फसलों, किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर पड़ सकता है।
मौसम विभाग के आंकड़े देश में बदलते मौसमी रुझानों और बढ़ते तापमान की ओर संकेत करते हैं। आने वाले समय में मानसून की स्थिति तथा प्रशांत महासागर के समुद्री तापमान में होने वाले बदलाव पर विशेषज्ञों की नजर बनी रहेगी।