पश्चिम बंगाल के बीरभूम में ममता बनर्जी की भतीजी की घर में मौत, कमरे से बरामद हुआ शव
पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले में ममता बनर्जी की 28 वर्षीय भतीजी बृष्टि मुखर्जी मृत मिलीं। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख ममता बनर्जी की भतीजी बृष्टि मुखर्जी मंगलवार को बीरभूम जिले स्थित अपने घर में मृत पाई गईं। पुलिस के अनुसार, 28 वर्षीय बृष्टि का शव रामपुरहाट क्षेत्र के कुसुम्बा गांव स्थित उनके मकान की दूसरी मंजिल के एक कमरे से बरामद हुआ।
पुलिस ने शव को रामपुरहाट सरकारी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल भेज दिया है, जहां पोस्टमार्टम किया जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि मौत की सही वजह अभी स्पष्ट नहीं है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा अन्य कानूनी प्रक्रियाओं के बाद परिस्थितियों का पता चलेगा।
परिवार के सदस्यों के मुताबिक, बृष्टि पिछले कुछ वर्षों से अवसाद से जूझ रही थीं और उनका इलाज चल रहा था। परिवार ने बताया कि सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों में शिक्षकों और अन्य कर्मचारियों की नियुक्ति में कथित अनियमितताओं के मामले में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद उनकी नौकरी चली गई थी। वह स्थानीय स्कूल में ग्रुप-सी कर्मचारी थीं।
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बृष्टि, ममता बनर्जी के चचेरे भाई निहार मुखर्जी की बेटी थीं। निहार रामपुरहाट में तृणमूल कांग्रेस के प्रखंड अध्यक्ष रह चुके हैं। परिवार का ननिहाल कुसुम्बा गांव में बताया गया है। बृष्टि अपने पति के साथ तलाक की कानूनी प्रक्रिया का भी सामना कर रही थीं और मामला अदालत में लंबित था।
पुलिस ने घटना के सभी पहलुओं की जांच शुरू कर दी है। अधिकारी यह पता लगाने में जुटे हैं कि उनकी मौत किन परिस्थितियों में हुई।
इससे पहले 16 अगस्त को तृणमूल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पश्चिम बंगाल विधानसभा के पूर्व उपाध्यक्ष आशीष बनर्जी भी बीरभूम में पार्टी कार्यालय में मृत पाए गए थे। पुलिस ने उनका शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा था। मौके से कथित तौर पर एक पन्ने का नोट भी मिला था, जिसमें उन्होंने भ्रष्टाचार में शामिल होने से इनकार किया था।
74 वर्षीय आशीष बनर्जी 2021 से मई 2026 तक पश्चिम बंगाल विधानसभा के 13वें उपाध्यक्ष रहे थे। वह ममता बनर्जी के करीबी नेताओं में गिने जाते थे और राज्य में स्कूल शिक्षा तथा कृषि मंत्री का पद भी संभाल चुके थे।