ओडिशा के स्वास्थ्य मंत्री ने निपाह वायरस को लेकर अफवाहों को नकारा, बंगाल की स्थिति पर रखी जा रही नजर
ओडिशा सरकार ने निपाह वायरस को लेकर स्थिति सामान्य बताई है। राज्य में कोई मामला नहीं मिला है, जबकि पश्चिम बंगाल से सटे इलाकों पर कड़ी निगरानी जारी है।
ओडिशा के स्वास्थ्य मंत्री मुकेश महालिंग ने सोमवार को राज्य के लोगों को आश्वस्त करते हुए कहा कि ओडिशा में अब तक निपाह वायरस का कोई भी मामला सामने नहीं आया है और घबराने की कोई जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पूरी तरह सतर्क है और पश्चिम बंगाल से सटे जिलों पर विशेष नजर रखी जा रही है।
एएनआई से बातचीत में मंत्री महालिंग ने कहा, “ओडिशा में अभी तक निपाह वायरस के कोई लक्षण या मामले सामने नहीं आए हैं। मैं राज्य के सभी नागरिकों को आश्वस्त करना चाहता हूं कि यहां निपाह को लेकर डरने की कोई जरूरत नहीं है। हम पश्चिम बंगाल से सटे जिलों की लगातार निगरानी कर रहे हैं।”
उन्होंने आगे कहा कि यदि भविष्य में कोई मामला सामने आता है तो उससे निपटने के लिए राज्य सरकार पूरी तरह तैयार है। “स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह सतर्क और तैयार है। मैंने अधिकारियों के साथ दो बैठकें की हैं और हम लगातार केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के संपर्क में हैं”।
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स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि राज्य में सक्रिय निगरानी रखी जा रही है और लोगों से अपील की कि वे शांति बनाए रखें और अफवाहों पर ध्यान न दें।
निपाह वायरस एक जूनोटिक वायरस है, जो जानवरों से इंसानों में फैलता है। यह संक्रमित भोजन के जरिए या सीधे एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में भी फैल सकता है। इसके लक्षणों में बुखार, सिरदर्द, मांसपेशियों में दर्द, उल्टी, गले में खराश, चक्कर आना, चेतना में बदलाव और असामान्य निमोनिया शामिल हैं। यह संक्रमण बिना लक्षण के भी हो सकता है, जबकि गंभीर मामलों में यह घातक एन्सेफलाइटिस का कारण बनता है। निपाह वायरस की मृत्यु दर लगभग 50 प्रतिशत मानी जाती है, जिससे यह बेहद खतरनाक वायरल बीमारियों में शामिल है।
इस बीच, पश्चिम बंगाल में निपाह वायरस के दो संदिग्ध मामलों की खबरों के बीच राज्यपाल सी. वी. आनंद बोस ने कहा कि सबसे पहले वायरस को फैलने से रोकना जरूरी है और इसका उन्मूलन सरकार की प्राथमिकता होनी चाहिए। वहीं, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे. पी. नड्डा ने बताया कि संभावित प्रकोप को रोकने के लिए केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय संयुक्त आउटब्रेक रिस्पॉन्स टीम को तैनात किया है।
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