मन की बात: पीएम मोदी ने रक्षा आत्मनिर्भरता और स्वदेशी उपलब्धियों पर दिया जोर, जून को बताया गर्व का महीना
पीएम मोदी ने मन की बात में रक्षा आत्मनिर्भरता, स्वदेशी हथियार, सामाजिक पहल और जल संरक्षण पर जोर दिया। उन्होंने जून 2026 को उपलब्धियों से भरा और गर्व का महीना बताया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज (28 जून 2026) अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के 135वें एपिसोड को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि वर्ष 2026 के पहले छह महीनों में देश ने कई ऐसी उपलब्धियां हासिल की हैं, जिन पर हर भारतीय को गर्व है, विशेषकर राष्ट्रीय सुरक्षा और आत्मनिर्भरता के क्षेत्र में।
प्रधानमंत्री ने कहा कि जून का महीना भी देश के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धियों से भरा रहा। उन्होंने कहा, “जून में देश ने ऐसी उपलब्धियां हासिल की हैं जो हर नागरिक को गर्व से भर देती हैं। ये उपलब्धियां सुरक्षा और आत्मनिर्भरता से जुड़ी हैं।”
हाल ही में कोलकाता दौरे का उल्लेख करते हुए पीएम मोदी ने बताया कि उन्होंने भारतीय नौसेना के एक कार्यक्रम में आईएनएस दुनागिरी, आईएनएस संशोधक और आईएनएस अग्रेय को नौसेना में शामिल होते देखा। उन्होंने कहा कि इन युद्धपोतों का डिज़ाइन और निर्माण पूरी तरह स्वदेशी है।
प्रधानमंत्री ने डीआरडीओ द्वारा विकसित लंबी दूरी की स्वदेशी मिसाइल के सफल परीक्षण को भी बड़ी उपलब्धि बताया। इसके साथ ही उन्होंने भारत में बने सी-295 ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट की पहली उड़ान को भी देश की रक्षा और विमानन क्षमता में मील का पत्थर बताया।
पीएम मोदी ने जनता का आभार जताते हुए कहा कि वेस्ट एशिया की स्थिति को देखते हुए उन्होंने सोना खरीदने से बचने जैसी अपील की थी, जिसका लोगों ने सकारात्मक जवाब दिया।
उन्होंने कारपूलिंग जैसे सामाजिक बदलावों की भी सराहना की और कहा कि लोग अब मिलकर यात्रा कर रहे हैं, जिससे संसाधनों की बचत हो रही है।
महाराष्ट्र के नांदेड़ जिले के बहादुरपुरा गांव के पेडकर परिवार का उदाहरण देते हुए उन्होंने बताया कि शादी के अवसर पर परिवार ने 3,500 ग्रामीणों के लिए दुर्घटना बीमा कराया।
इसके अलावा पीएम मोदी ने नागालैंड की बेबी लीग, मेघालय के लिविंग रूट ब्रिज, नालंदा विश्वविद्यालय की शास्त्रार्थ परंपरा और एआई-डेटा साइंस में नए पाठ्यक्रम की भी सराहना की।
अंत में उन्होंने ‘कैच द रेन’ अभियान को मजबूत करने की अपील करते हुए जल संरक्षण पर जोर दिया।