हैदराबाद में बाम रुकन-उद-दौला झील का उद्घाटन, महिलाओं की सुरक्षा के लिए लेक पुलिसिंग पर जोर
तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने हैदराबाद में बाम रुकन -उद-दौला झील का उद्घाटन किया और महिलाओं की सुरक्षा के लिए झीलों के आसपास विशेष पुलिस व्यवस्था की जरूरत बताई।
तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने रविवार (8 मार्च 2026) को हैदराबाद के शिवरामपल्ली क्षेत्र में स्थित ऐतिहासिक बाम रुकन -उद-दौला झील के पुनर्स्थापित स्वरूप का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने शहर की झीलों के आसपास महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए विशेष लेक पुलिसिंग व्यवस्था लागू करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि झीलों का संरक्षण केवल पर्यावरण के लिए ही नहीं, बल्कि शहर के सामाजिक और सांस्कृतिक जीवन के लिए भी बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि झीलों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की जाए ताकि महिलाएं और परिवार सुरक्षित वातावरण में इन स्थानों का उपयोग कर सकें।
अधिकारियों के अनुसार, वर्षों से अतिक्रमण और उपेक्षा के कारण बाम रुकन-उद-दौला झील का क्षेत्रफल घटकर लगभग 104 एकड़ से केवल 4.2 एकड़ रह गया था। इसके बाद हैदराबाद डिजास्टर रिस्पॉन्स एंड एसेट प्रोटेक्शन एजेंसी (हाइड्रा) ने व्यापक कार्रवाई करते हुए अतिक्रमण हटाए और झील के विकास व पुनर्जीवन का कार्य शुरू किया।
और पढ़ें: हैदराबाद में पुनर्जीवित तेलंगाना विधान परिषद भवन का ऐतिहासिक दिन नजदीक
पुनर्स्थापन कार्यों के बाद झील का क्षेत्रफल बढ़ाकर लगभग 17.5 एकड़ तक किया गया है। परियोजना के तहत झील के आसपास हरियाली विकसित करने, पैदल मार्ग बनाने और जल संरक्षण के उपाय भी किए गए हैं।
मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने कहा कि राज्य सरकार शहर की अन्य झीलों के संरक्षण और पुनर्जीवन के लिए भी इसी तरह की योजनाएं लागू करेगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि अतिक्रमण के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रखी जाए और जलाशयों को बचाने के लिए जनभागीदारी बढ़ाई जाए।
उन्होंने कहा कि झीलों का संरक्षण हैदराबाद के पर्यावरण संतुलन और भविष्य की जल जरूरतों के लिए बेहद जरूरी है।