1 अगस्त से शेयरों की ओपन मार्केट बायबैक व्यवस्था फिर होगी लागू, सेबी ने जारी किए नए नियम
सेबी ने 1 अगस्त से ओपन मार्केट शेयर बायबैक दोबारा शुरू करने का फैसला किया है। कंपनियां अब 66 कार्यदिवसों के भीतर नियमित ट्रेडिंग के जरिए अपने शेयर वापस खरीद सकेंगी।
भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) ने शेयर बाजार में सूचीबद्ध कंपनियों के लिए ओपन मार्केट शेयर बायबैक की व्यवस्था को एक बार फिर लागू करने का फैसला किया है। नए नियमों के तहत यह व्यवस्था 1 अगस्त 2026 से प्रभावी होगी। इसके साथ ही कंपनियां अब स्टॉक एक्सचेंज के माध्यम से खुले बाजार में अपने शेयर दोबारा खरीद सकेंगी।
सेबी द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, कंपनियों को अब शेयर बायबैक के लिए अलग से बायबैक विंडो बनाने की आवश्यकता नहीं होगी। वे नियमित ट्रेडिंग प्रणाली के जरिए ही अपने शेयरों की खरीद कर सकेंगी। हालांकि, इस प्रक्रिया के लिए एक महत्वपूर्ण शर्त भी तय की गई है। किसी भी ओपन मार्केट बायबैक कार्यक्रम को 66 कार्यदिवसों के भीतर पूरा करना अनिवार्य होगा।
बाजार नियामक का मानना है कि इस नई व्यवस्था से शेयर बायबैक प्रक्रिया अधिक पारदर्शी, सरल और निवेशकों के लिए सुविधाजनक बनेगी। नियमित ट्रेडिंग तंत्र के माध्यम से खरीदारी होने से बाजार में तरलता बनी रहेगी और निवेशकों को भी बेहतर अवसर मिलेंगे।
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विशेषज्ञों के अनुसार, कंपनियां आमतौर पर तब शेयर बायबैक करती हैं जब उन्हें लगता है कि उनके शेयर बाजार में वास्तविक मूल्य से कम कीमत पर कारोबार कर रहे हैं। इससे कंपनी के बकाया शेयरों की संख्या घटती है, प्रति शेयर आय (EPS) में सुधार होता है और निवेशकों का भरोसा भी बढ़ता है।
सेबी ने स्पष्ट किया है कि नए नियमों का उद्देश्य शेयर बायबैक प्रक्रिया को अधिक प्रभावी और समयबद्ध बनाना है। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि इस फैसले से सूचीबद्ध कंपनियों को पूंजी प्रबंधन में अधिक लचीलापन मिलेगा, जबकि निवेशकों को भी पारदर्शी और सुव्यवस्थित बायबैक प्रक्रिया का लाभ प्राप्त होगा।