डॉक्टरों से मारपीट मामले में शिवसेना पार्षद रमेश म्हात्रे गिरफ्तार, ठाणे के अस्पताल में हुआ था विवाद
ठाणे के केडीएमसी अस्पताल में डॉक्टरों से कथित मारपीट मामले में शिवसेना पार्षद रमेश म्हात्रे गिरफ्तार हुए। नवजात को दूसरे अस्पताल भेजने की सलाह पर विवाद शुरू हुआ था।
महाराष्ट्र के ठाणे जिले में डॉक्टरों और अस्पताल कर्मचारियों से कथित मारपीट के मामले में शिवसेना पार्षद रमेश म्हात्रे को गिरफ्तार कर लिया गया है। यह मामला कल्याण-डोंबिवली नगर निगम (केडीएमसी) द्वारा संचालित शास्त्रीनगर अस्पताल में हुई हिंसा से जुड़ा है। पुलिस ने इस मामले में रमेश म्हात्रे समेत छह लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया था।
जानकारी के अनुसार, यह विवाद उस समय शुरू हुआ जब अस्पताल के डॉक्टरों ने एक नवजात बच्चे के परिवार को बेहतर इलाज के लिए उसे किसी दूसरे चिकित्सा केंद्र में ले जाने की सलाह दी। इसी बात को लेकर परिवार और अस्पताल पक्ष के बीच बहस हुई, जो बाद में कथित रूप से मारपीट में बदल गई।
घटना के बाद डॉक्टरों और चिकित्सा समुदाय में नाराजगी फैल गई। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) ने भी मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग की थी और चेतावनी दी थी कि यदि तत्काल कार्रवाई नहीं हुई तो क्षेत्र के अस्पताल और क्लीनिक बंद किए जा सकते हैं।
और पढ़ें: पुणे के पिंपरी-चिंचवड़ में भारी बारिश के बीच इमारत गिरी, 15 लोगों के फंसे होने की आशंका
आईएमए के दबाव और बढ़ते विरोध के बाद पुलिस ने रमेश म्हात्रे और अन्य आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए म्हात्रे को गिरफ्तार कर लिया।
इस मामले पर ठाणे लोकसभा सांसद नरेश म्हस्के ने पार्टी का पक्ष रखते हुए घटना की निंदा की। उन्होंने कहा कि शिवसेना इस तरह की घटना का समर्थन नहीं करती और आरोपी पार्षद के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
नरेश म्हस्के ने कहा कि रमेश म्हात्रे भले ही वरिष्ठ नेता हैं और कई बार चुनाव जीत चुके हैं, लेकिन पार्टी किसी भी गलत व्यवहार को स्वीकार नहीं करेगी। उन्होंने बताया कि पार्टी नेतृत्व ने आरोपी पार्षद को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
उन्होंने यह भी कहा कि कानूनी प्रक्रिया में पार्टी किसी तरह का हस्तक्षेप नहीं करेगी और जांच एजेंसियां कानून के अनुसार अपना काम करेंगी। इस घटना के बाद अस्पतालों में डॉक्टरों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर बहस तेज हो गई है।