×
 

कम से कम 100 जलवायु स्मार्ट गांव विकसित करें, कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आईसीएआर को दिए निर्देश

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आईसीएआर को 100वें स्थापना वर्ष से पहले कम से कम 100 जलवायु स्मार्ट गांव विकसित करने के निर्देश दिए।

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने गुरुवार को भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) और उससे जुड़े संस्थानों को कम से कम 100 जलवायु स्मार्ट गांव (Climate Smart Villages) विकसित करने के निर्देश दिए। यह निर्देश आईसीएआर के 100वें स्थापना वर्ष की तैयारियों के मद्देनजर दिए गए हैं।

कृषि मंत्री ने कहा कि बदलते जलवायु परिस्थितियों के बीच किसानों को नई तकनीक, वैज्ञानिक खेती और टिकाऊ कृषि पद्धतियों से जोड़ना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन का सबसे अधिक प्रभाव कृषि क्षेत्र पर पड़ रहा है, इसलिए किसानों को इसके अनुरूप तैयार करने की आवश्यकता है।

शिवराज सिंह चौहान ने आईसीएआर से जुड़े वैज्ञानिकों और संस्थानों से कहा कि वे ऐसे गांवों का विकास करें जहां आधुनिक कृषि तकनीकों, जल संरक्षण, बेहतर बीजों, प्राकृतिक संसाधनों के सही उपयोग और जलवायु अनुकूल खेती को बढ़ावा दिया जाए।

और पढ़ें: कांग्रेस सिर्फ राजनीति के लिए लेती है भगवान राम का नाम, राम मंदिर चंदा मामले की जांच की मांग: भाजपा सांसद सुरेश कश्यप

उन्होंने कहा कि जलवायु स्मार्ट गांवों का उद्देश्य किसानों की आय बढ़ाना और उन्हें बदलते मौसम के प्रभावों से बचाने के लिए सक्षम बनाना है। इन गांवों में वैज्ञानिकों और किसानों के बीच बेहतर तालमेल स्थापित किया जाएगा ताकि कृषि क्षेत्र में नए प्रयोगों को बढ़ावा मिल सके।

कृषि मंत्री ने कहा कि आईसीएआर ने देश में कृषि अनुसंधान और नवाचार के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। परिषद के 100वें स्थापना वर्ष को यादगार बनाने के लिए ऐसी योजनाएं शुरू की जानी चाहिए जो सीधे किसानों को लाभ पहुंचाएं।

उन्होंने कृषि वैज्ञानिकों से आह्वान किया कि वे खेतों तक तकनीक पहुंचाने पर विशेष ध्यान दें। उन्होंने कहा कि केवल प्रयोगशालाओं तक सीमित रहने के बजाय वैज्ञानिक उपलब्धियों का लाभ देश के करोड़ों किसानों तक पहुंचना चाहिए।

जलवायु स्मार्ट गांवों में मौसम आधारित खेती, आधुनिक सिंचाई तकनीक, फसल विविधीकरण और पर्यावरण अनुकूल कृषि प्रणालियों को अपनाने पर जोर दिया जाएगा। इससे किसानों को कम लागत में बेहतर उत्पादन हासिल करने में मदद मिलेगी।

आईसीएआर देश का प्रमुख कृषि अनुसंधान संस्थान है, जो कृषि, पशुपालन, मत्स्य पालन और संबंधित क्षेत्रों में अनुसंधान एवं विकास कार्य करता है। स्थापना के 100 वर्ष पूरे होने के अवसर पर परिषद भविष्य की कृषि चुनौतियों से निपटने के लिए नई योजनाओं पर काम कर रही है।

और पढ़ें: दिल्ली के युवा नौकरी मांगने वाले नहीं, नौकरी देने वाले बनेंगे: मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता

 
 
 
Gallery Gallery Videos Videos Share on WhatsApp Share