सूरजकुंड मेला त्रासदी: झूला गिरने और स्वागत द्वार ध्वस्त होने से पुलिसकर्मी की मौत, 13 घायल
फरीदाबाद में सूरजकुंड मेला में झूला गिरने और स्वागत द्वार ढहने से एक पुलिसकर्मी की मौत और 13 लोग घायल हुए। बचाव कार्य और जांच शुरू कर दी गई।
हरियाणा के फरीदाबाद में चल रहे सूरजकुंड अंतर्राष्ट्रीय शिल्प मेला में शनिवार (7 फरवरी 2026) को दो भयंकर हादसों ने मेला स्थल को हिला कर रख दिया। इस त्रासदी में कम से कम 13 लोग घायल हुए और एक पुलिस अधिकारी की मौत हो गई। हादसों के तुरंत बाद प्रशासन ने साइट को घेर कर लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की।
पहला हादसा मेले के मुख्य झूला 'सुनामी' के अचानक गिरने से हुआ। इस झूले में 7-8 लोग सवार थे, जो झूले के गिरने के साथ ही नीचे गिर गए और गंभीर चोटें आईं। घटना के समय मौके पर मौजूद एक पुलिस इंस्पेक्टर ने घायल लोगों को बचाने का प्रयास किया, लेकिन खुद गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी घायल लोगों को नजदीकी निजी अस्पतालों में इलाज के लिए ले जाया गया। अधिकारियों ने आगे की घटनाओं को रोकने के लिए स्थल को सील कर दिया।
दूसरा हादसा गेट नंबर 2 के पास स्वागत द्वार के ध्वस्त होने से हुआ। यह द्वार अचानक गिर गया, जिससे नीचे मौजूद दो लोग घायल हो गए। इस दौरान मेला स्थल पर भारी अफरातफरी और डर का माहौल बन गया।
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फरीदाबाद के जिला उपायुक्त, पुलिस कमिश्नर और वरिष्ठ अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे और बचाव कार्यों की निगरानी की। प्रशासन ने सुरक्षा जांच और संभावित लापरवाहियों की जांच के लिए दोनों स्थानों को फॉरेंसिक जांच के लिए सुरक्षित किया। मेले में आने वाले लोगों को सावधानी बरतने और चोटिलों के इलाज में मदद करने की हिदायत दी गई।
मेला, जो अपनी शिल्पकला और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए प्रसिद्ध है, अब सुरक्षा और संरचनात्मक मजबूती के दृष्टिकोण से कड़ी जांच का सामना कर रहा है। अधिकारियों ने कहा कि आगे की जांच और घटनाओं के विवरण जल्द जारी किए जाएंगे।
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