तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय की एम.के. स्टालिन से मुलाकात, राजनीतिक हलचल तेज
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने चेन्नई में एम.के. स्टालिन से मुलाकात की। यह बैठक शपथ ग्रहण के एक दिन बाद हुई, जिससे राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गईं।
तमिलनाडु में 2026 विधानसभा चुनावों के बाद राजनीतिक घटनाक्रम तेजी से बदलते दिख रहे हैं। हाल ही में शपथ लेने के बाद तमिलगा वेट्री कज़गम (टीवीके) प्रमुख सी. जोसेफ विजय ने चेन्नई स्थित अपने आवास पर द्रविड़ मुनेत्र कज़गम (डीएमके) के अध्यक्ष एम.के. स्टालिन से मुलाकात की। यह मुलाकात राज्य के नए राजनीतिक समीकरणों को लेकर चर्चाओं का केंद्र बन गई है।
सूत्रों के अनुसार, यह मुलाकात शिष्टाचार भेंट थी, जिसमें दोनों नेताओं ने एक-दूसरे का गर्मजोशी से स्वागत किया। इस दौरान दोनों ने एक-दूसरे को शॉल और गुलदस्ता भेंट किया। हालांकि दोनों दलों की ओर से इस मुलाकात पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
चुनाव परिणामों में टीवीके सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी, लेकिन बहुमत के आंकड़े (118 सीटें) से पीछे रह गई। टीवीके को कुल 108 सीटें मिलीं, जिनमें विजय की दो सीटें शामिल हैं। कांग्रेस ने तुरंत समर्थन देकर टीवीके को सहयोग दिया। इसके बाद भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीआई), माकपा, विदुथलाई चिरुथैगल कच्ची (वीसीके) और इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (आईयूएमएल) ने भी समर्थन दिया।
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हालांकि वीसीके और वाम दलों ने स्पष्ट किया है कि वे अब भी डीएमके गठबंधन का हिस्सा बने रहेंगे। इससे राज्य की राजनीति और अधिक जटिल हो गई है।
डीएमके प्रवक्ता ए. सरवनन ने कहा कि एम.के. स्टालिन ने संवैधानिक संकट से बचने और स्थिर सरकार बनाने के लिए सहयोगी दलों से चर्चा की थी। वहीं स्टालिन ने विजय को बधाई देते हुए कहा कि राज्य की वित्तीय स्थिति मजबूत है और जनता को गुमराह नहीं किया जाना चाहिए।
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