विश्व आर्थिक मंच: यूक्रेन, अमेरिका और रूस के अधिकारी पहली बार यूएई में करेंगे संयुक्त बैठक, जेलेंस्की का बयान
WEF में जेलेंस्की ने बताया कि यूक्रेन, अमेरिका और रूस के अधिकारी पहली बार यूएई में संयुक्त बैठक करेंगे, जबकि दावोस में ट्रंप के ग्रीनलैंड और बोर्ड ऑफ पीस प्रस्ताव चर्चा में रहे।
विश्व आर्थिक मंच (WEF) की वार्षिक बैठक के दौरान यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने घोषणा की कि यूक्रेन, अमेरिका और रूस के अधिकारी पहली बार एक साथ संयुक्त बैठक करेंगे। यह बैठक संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में शुक्रवार (23 जनवरी) और शनिवार (24 जनवरी) को आयोजित होगी। दावोस में अपने संबोधन के बाद जेलेंस्की ने यह जानकारी दी।
इससे पहले दावोस में ही अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और राष्ट्रपति जेलेंस्की के बीच मुलाकात हुई। इसके बाद अपने तीखे भाषण में जेलेंस्की ने अमेरिका-ग्रीनलैंड विवाद पर यूरोप की प्रतिक्रिया की आलोचना की। उन्होंने कहा कि जब अमेरिका का ध्यान अन्यत्र जाता है, तब वैश्विक स्वतंत्रता की रक्षा में नेतृत्व करने के बजाय यूरोप अमेरिकी राष्ट्रपति को मनाने में भटका हुआ नजर आता है।
गुरुवार (22 जनवरी, 2026) को राष्ट्रपति ट्रंप ने दावोस में “बोर्ड ऑफ पीस” के चार्टर पर हस्ताक्षर किए। इसे उन्होंने अंतरराष्ट्रीय संघर्षों के समाधान के लिए एक मंच के रूप में प्रस्तुत किया है। इस पहल के दौरान अमेरिकी अधिकारियों ने “न्यू गाजा” की परिकल्पना भी रखी, जिसके तहत युद्धग्रस्त गाजा क्षेत्र को समुद्र तट के किनारे गगनचुंबी इमारतों वाले आधुनिक रिसॉर्ट में बदलने की योजना बताई गई।
ट्रंप के निमंत्रण को अर्जेंटीना, आर्मेनिया, अजरबैजान, बहरीन, बेलारूस, मिस्र, हंगरी, कजाकिस्तान, मोरक्को, पाकिस्तान, यूएई और वियतनाम ने स्वीकार किया है। वहीं चीन, जर्मनी, इटली, रूस, तुर्की और यूक्रेन समेत कई देश इस पर अब तक कोई स्पष्ट रुख नहीं ले पाए हैं।
ग्रीनलैंड पर नियंत्रण की ट्रंप की इच्छा उनके संबोधन का प्रमुख विषय रही। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा के लिए यह जरूरी है और केवल अमेरिका ही इस विशाल आर्कटिक क्षेत्र की रक्षा कर सकता है।
इस बीच भारत के सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि बड़े भाषा मॉडल (LLMs) बनाना अपने आप में भू-राजनीतिक बढ़त नहीं देता, बल्कि एआई में किए जा रहे भारी निवेश का लाभ उन देशों को मिलेगा जो इसे व्यावहारिक रूप से लागू कर पाएंगे।
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