हिमाचल प्रदेश के सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू ने SJVNL से तीन जलविद्युत परियोजनाएं वापस लेने के निर्देश दिए
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने एसजेवीएनएल से सुन्नी, लुहड़ी और धौलासिद्ध जलविद्युत परियोजनाएं राज्य नियंत्रण में लेने के निर्देश दिए हैं।
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने राज्य के प्राकृतिक संसाधनों पर नियंत्रण मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सतलुज जल विद्युत निगम लिमिटेड (एसजेवीएनएल) से तीन प्रमुख जलविद्युत परियोजनाओं को राज्य सरकार के नियंत्रण में वापस लेने की प्रक्रिया शुरू की जाए।
इन परियोजनाओं में सुन्नी (सुन्नी), लुहड़ी (लुहड़ी) और धौलासिद्ध (धौलासिद्ध) जलविद्युत परियोजनाएं शामिल हैं। मुख्यमंत्री का कहना है कि राज्य के संसाधनों का अधिकतम लाभ हिमाचल प्रदेश के लोगों को मिलना चाहिए और इसके लिए आवश्यक है कि महत्वपूर्ण ऊर्जा परियोजनाओं पर राज्य का सीधा नियंत्रण हो।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय बैठक में यह निर्देश दिए और कहा कि राज्य सरकार अब ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जिन परियोजनाओं से राज्य को अपेक्षित लाभ नहीं मिल रहा है, उनकी समीक्षा कर आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
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सरकारी सूत्रों के अनुसार, यह निर्णय हिमाचल प्रदेश की ऊर्जा नीति में एक महत्वपूर्ण बदलाव के रूप में देखा जा रहा है। राज्य सरकार का मानना है कि जलविद्युत परियोजनाओं से मिलने वाले राजस्व और बिजली उत्पादन का अधिक हिस्सा राज्य के विकास कार्यों में उपयोग होना चाहिए।
एसजेवीएनएल के साथ इन परियोजनाओं के समझौतों की समीक्षा की जा रही है और कानूनी प्रक्रियाओं के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी। सरकार का लक्ष्य है कि इन परियोजनाओं से राज्य को अधिकतम आर्थिक लाभ मिले और स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर बढ़ें।
यह कदम हिमाचल प्रदेश सरकार की उस नीति का हिस्सा है, जिसके तहत वह प्राकृतिक संसाधनों पर राज्य के अधिकारों को मजबूत करने और ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता हासिल करने पर जोर दे रही है।
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