मुंबई में CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन, हजारों लोग शिवाजी पार्क पहुंचे
मुंबई के शिवाजी पार्क में करीब 4,000 लोगों ने सीईसी ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। दिल्ली में भी सैकड़ों प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने हिरासत में लिया।
मुंबई के शिवाजी पार्क में शुक्रवार को करीब 4,000 प्रदर्शनकारी जुटे और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की। यह प्रदर्शन देशभर में चल रहे राजनीतिक अभियान का हिस्सा था। प्रदर्शन का आयोजन कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) ने किया। पुलिस के अनुसार, बड़ी संख्या में लोग शिवाजी पार्क पहुंचे।
यह विरोध विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) से जुड़े फैसलों को लेकर उठे सवालों के बीच हुआ। एक रिपोर्ट के अनुसार, चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने 10 महीनों के दौरान मतदाता सूची के एसआईआर से संबंधित फैसलों और आदेशों पर कम से कम 14 बार आपत्तियां दर्ज की थीं। प्रदर्शनकारियों ने इसी मुद्दे को उठाते हुए मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की।
शाम 5 बजे तक सीजेपी के सह-संयोजक आशुतोष रांका और कानूनी मामलों की प्रमुख रत्ना सिंह समेत पार्टी के कई सदस्य प्रदर्शन में मौजूद थे।
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इस बीच दिल्ली में भी इसी मुद्दे को लेकर विरोध प्रदर्शन हुआ। शुक्रवार को जंतर-मंतर के पास दिल्ली पुलिस ने 700 से अधिक प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया। इनमें पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी, आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ता और विभिन्न छात्र संगठनों के सदस्य शामिल थे। आतिशी ने कहा कि उनकी पार्टी लोकतंत्र के लिए अपनी लड़ाई जारी रखेगी। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नाम लेते हुए कहा कि वे पुलिस से डरने वाले नहीं हैं और ज्ञानेश कुमार को पद छोड़ना होगा।
मतदाता सूची से जुड़े विवाद के बीच निर्वाचन आयोग ने उन 20 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में विशेष अभियान चलाने का निर्देश दिया है, जहां एसआईआर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। इस अभियान का उद्देश्य उन मतदाताओं को सूची में शामिल करना है, जिनके नाम छूट गए हैं।
दूसरी ओर, ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ मामले में सुप्रीम कोर्ट ने 6 अक्टूबर को प्रस्तावित संसदीय समिति के साथ बैठक में शामिल होने से इनकार कर दिया। वहीं, नई एनसीईआरटी कक्षा 9 की सामाजिक विज्ञान पुस्तक में शासन व्यवस्था के विकास के संदर्भ में ‘राम राज्य’ का उल्लेख किया गया है।
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