ईरान ने फिर ठुकराया ट्रंप का शांति प्रस्ताव, कहा- एकतरफा और अन्यायपूर्ण
ईरान ने अमेरिकी शांति प्रस्ताव को एकतरफा बताते हुए खारिज किया, लेकिन बातचीत जारी रखने के संकेत दिए। वहीं ट्रंप ने दावा किया कि ईरान समझौते के लिए तैयार है।
मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच ईरान ने अमेरिका के नए शांति प्रस्ताव को एक बार फिर खारिज कर दिया है। ईरान ने इस प्रस्ताव को “एकतरफा और अन्यायपूर्ण” बताते हुए कहा कि यह उसकी सुरक्षा और राष्ट्रीय हितों के अनुरूप नहीं है।
रिपोर्ट के अनुसार, यह प्रस्ताव पाकिस्तान के माध्यम से तेहरान तक पहुंचाया गया था, जिसकी बुधवार रात गहन समीक्षा की गई। ईरान के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि यह प्रस्ताव न्यूनतम आवश्यक शर्तों को भी पूरा नहीं करता।
अधिकारी ने कहा कि प्रस्ताव के तहत ईरान से अपनी रक्षा क्षमता छोड़ने की अपेक्षा की गई है, जबकि बदले में प्रतिबंध हटाने का कोई स्पष्ट और ठोस आश्वासन नहीं दिया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह प्रस्ताव केवल अमेरिका और इज़राइल के हितों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है।
और पढ़ें: अबू धाबी में मिसाइल के मलबे से दो की मौत, एक भारतीय भी शामिल
हालांकि, ईरान ने यह भी संकेत दिया कि कूटनीतिक बातचीत के दरवाजे अभी बंद नहीं हुए हैं। तुर्की और पाकिस्तान दोनों देशों के बीच मतभेद कम करने की कोशिश कर रहे हैं। तेहरान ने कहा कि यदि वाशिंगटन यथार्थवादी रुख अपनाता है, तो आगे बातचीत का रास्ता निकल सकता है।
वहीं, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि ईरान खुद समझौते के लिए “गिड़गिड़ा” रहा है। उन्होंने कहा कि बातचीत अप्रत्यक्ष रूप से जारी है, लेकिन यह स्पष्ट नहीं है कि अमेरिका समझौते के लिए तैयार है या नहीं।
ट्रंप ने यह भी कहा कि किसी भी समझौते में होर्मुज जलडमरूमध्य जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों को शामिल करना जरूरी होगा।
और पढ़ें: पाकिस्तान की सिफारिश पर इजराइल ने ईरान के विदेश मंत्री और स्पीकर को हिट लिस्ट से हटाया