बेंगलुरु में झीलों और ड्रेनेज के लिए इंजीनियरों की तैनाती, कार्यकर्ताओं ने एकीकृत विभाग की मांग उठाई
बेंगलुरु ईस्ट कॉर्पोरेशन ने झीलों और ड्रेनेज के लिए इंजीनियर तैनात किए, लेकिन कार्यकर्ताओं ने बेहतर समन्वय के लिए एकीकृत विभाग बनाने की मांग उठाई है।
बेंगलुरु सिटी ईस्ट कॉर्पोरेशन ने झीलों और स्टॉर्म वॉटर ड्रेन्स (एसडब्ल्यूडी) के प्रबंधन के लिए इंजीनियरों की तैनाती की है। यह कदम उस समय उठाया गया है जब बृहत बेंगलुरु महानगर पालिके (बीबीएमपी) को पांच अलग-अलग निगमों में विभाजित किया गया है।
अब तक इन पांचों निगमों में झीलों और ड्रेनेज के लिए अलग-अलग विभाग नहीं थे, जिससे झील संरक्षण से जुड़े कार्यकर्ताओं ने चिंता जताई थी। कार्यकर्ताओं का कहना था कि बीबीएमपी के समय इस तरह के अलग विभाग मौजूद थे, जिससे बेहतर समन्वय और निगरानी संभव थी।
27 अप्रैल को जारी आदेश के अनुसार, ईस्ट कॉर्पोरेशन ने झीलों और एसडब्ल्यूडी के लिए अलग-अलग डिवीजन बनाए हैं। इन दोनों डिवीजनों के लिए एक कार्यकारी अभियंता (एग्जीक्यूटिव इंजीनियर) और दो सहायक कार्यकारी अभियंता नियुक्त किए गए हैं।
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आदेश के तहत भूप्रदा को झीलों और एसडब्ल्यूडी दोनों के लिए कार्यकारी अभियंता नियुक्त किया गया है, जबकि बसवराज एन. और सुमा को सहायक कार्यकारी अभियंता के रूप में जिम्मेदारी दी गई है। हालांकि, ये अधिकारी अन्य पदों पर भी कार्यरत हैं और उन्हें यह जिम्मेदारी अतिरिक्त प्रभार के रूप में सौंपी गई है।
इस कदम के बावजूद झील संरक्षण कार्यकर्ताओं ने मांग की है कि झीलों और ड्रेनेज प्रबंधन के लिए एकीकृत विभाग बनाया जाए। उनका कहना है कि अलग-अलग जिम्मेदारियों के कारण समन्वय में कमी आ सकती है और इससे पर्यावरणीय प्रबंधन प्रभावित हो सकता है।
कार्यकर्ताओं का मानना है कि एक संयुक्त विभाग होने से न केवल कार्यों में पारदर्शिता आएगी, बल्कि झीलों के संरक्षण और जल निकासी प्रणाली के बेहतर रखरखाव में भी मदद मिलेगी।