×
 

गुवाहाटी–सिलचर एक्सप्रेसवे से असम को बड़ी राहत, दूरी और यात्रा समय में भारी कमी

गुवाहाटी–सिलचर एक्सप्रेसवे बनने से दूरी 25% घटेगी और यात्रा समय 8 घंटे से घटकर लगभग 5 घंटे रह जाएगा। परियोजना से रोजगार और व्यापार को भी बढ़ावा मिलेगा।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी असम दौरे के दौरान राज्य में कई बड़े विकास परियोजनाओं की शुरुआत करेंगे। इस दौरान वे गुवाहाटी, कोकराझार और सिलचर में करीब 47,600 करोड़ रुपये की परियोजनाओं का उद्घाटन, शिलान्यास और भूमि पूजन करेंगे।

14 मार्च को सुबह करीब 10:45 बजे प्रधानमंत्री सिलचर में लगभग 23,550 करोड़ रुपये की विभिन्न परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन करेंगे। इसी कार्यक्रम में वे असम माला 3.0 योजना का भूमि पूजन भी करेंगे, जिसकी लागत लगभग 3,200 करोड़ रुपये है। इस योजना के तहत पूरे असम में 900 किलोमीटर से अधिक सड़कों का निर्माण किया जाएगा, जिससे अंतर-राज्यीय संपर्क मजबूत होगा और राष्ट्रीय राजमार्गों तथा ग्रामीण सड़कों के बीच बेहतर कनेक्टिविटी बनेगी।

इसके अलावा बोडोलैंड टेरिटोरियल काउंसिल क्षेत्र में छह सड़क परियोजनाओं का भी भूमि पूजन किया जाएगा। इनमें चार फ्लाईओवर और दो पुल शामिल हैं, जिन पर करीब 1,100 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।

और पढ़ें: अमेरिका ने ईरान के खार्ग द्वीप पर सैन्य ठिकाने नष्ट किए, ट्रंप बोले– तेल ढांचा अगला निशाना हो सकता है

सबसे महत्वपूर्ण परियोजनाओं में से एक गुवाहाटी–सिलचर एक्सप्रेसवे है। यह लगभग 166.8 किलोमीटर लंबा चार लेन ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे होगा, जिसकी अनुमानित लागत 22,864 करोड़ रुपये है। यह एक्सप्रेसवे ब्रह्मपुत्र घाटी और बराक घाटी के बीच तेज और हर मौसम में चलने वाला संपर्क मार्ग बनेगा। इससे मौजूदा एनएच-6 के भूस्खलन प्रभावित क्षेत्रों को भी बायपास किया जा सकेगा।

केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के अनुसार इस परियोजना से गुवाहाटी और सिलचर के बीच कुल यात्रा दूरी में करीब 25 प्रतिशत की कमी आएगी और यह लगभग 245 किलोमीटर रह जाएगी।

वर्तमान में इस मार्ग पर यात्रा करने में 8 से 12 घंटे तक लगते हैं, लेकिन एक्सप्रेसवे बनने के बाद यह समय घटकर करीब 4.5 से 5 घंटे रह जाएगा। इससे लगभग 3 से 4 घंटे की बचत होगी और दोनों शहरों के बीच एक ही दिन में आना-जाना संभव हो सकेगा।

इसके अलावा तेज माल परिवहन मार्ग बनने से ईंधन की खपत कम होगी, लॉजिस्टिक्स लागत घटेगी और इस परियोजना से लगभग 89 लाख मानव-दिवस का रोजगार भी पैदा होगा।

और पढ़ें: डोनाल्ड ट्रंप का दावा: मध्य पूर्व पर कब्ज़े की ईरान की योजना खत्म

 
 
 
Gallery Gallery Videos Videos Share on WhatsApp Share