पाकिस्तान अंडर-19 टीम को शरणार्थियों का समूह समझा, इंग्लैंड में होटल के बाहर हुआ प्रदर्शन
इंग्लैंड दौरे पर पाकिस्तान अंडर-19 टीम को शरणार्थियों का समूह समझकर होटल के बाहर प्रदर्शन हुआ। स्थिति स्पष्ट होने पर प्रदर्शनकारी चले गए और ईसीबी ने सुरक्षा समीक्षा शुरू की।
पाकिस्तान की अंडर-19 क्रिकेट टीम को इंग्लैंड दौरे के दौरान शरण मांगने वाले लोगों का समूह समझ लिया गया। इस गलतफहमी के कारण पोर्ट्समाउथ स्थित उस होटल के बाहर प्रदर्शन शुरू हो गया, जहां पाकिस्तानी युवा खिलाड़ी ठहरे हुए थे। मामला सामने आने के बाद इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) ने टीम की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा शुरू कर दी है।
पाकिस्तान अंडर-19 टीम पोर्ट्समाउथ के मैरियट होटल में ठहरी थी। रिपोर्ट के मुताबिक, होटल के बाहर कुछ प्रदर्शनकारी जमा हो गए। बाद में पुष्टि हुई कि वहां मौजूद लोग शरणार्थी नहीं, बल्कि पाकिस्तान की अंडर-19 क्रिकेट टीम के सदस्य थे।
रिफॉर्म पार्टी के पार्षद जॉर्ज मैडविक ने होटल से संपर्क किया और पाकिस्तानी टीम के सदस्यों से बातचीत की। इसके बाद उन्होंने बाहर मौजूद प्रदर्शनकारियों को वास्तविक स्थिति बताई। मैडविक के अनुसार, उन्होंने प्रदर्शनकारियों से कहा कि यह क्रिकेट टीम है। इसके कुछ ही मिनट बाद प्रदर्शनकारी वहां से चले गए।
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मैडविक ने बताया कि पोर्ट्समाउथ के लोग पहले से ही ऐसे मामलों को लेकर सतर्क हैं और जिस कंपनी की बस वहां पहुंची थी, उसी कंपनी की बस में करीब 40 विदेशी पुरुषों के आने की वजह से यह गलतफहमी पैदा हुई।
घटना के बाद ईसीबी ने पाकिस्तान टीम प्रबंधन से संपर्क किया है और सुरक्षा इंतजामों की समीक्षा की जा रही है।
पाकिस्तान अंडर-19 टीम इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज खेल रही है। 2 से 5 सितंबर तक अरुंडेल में खेले गए चार दिवसीय यूथ टेस्ट में इंग्लैंड ने पाकिस्तान को 10 रन से हराया था। हालांकि, 9 सितंबर को पहले यूथ वनडे में पाकिस्तान ने जोरदार वापसी करते हुए इंग्लैंड अंडर-19 को 177 रन से मात दी।
इस बीच, पाकिस्तान की सीनियर टीम भी इंग्लैंड में मुश्किल दौर से गुजर रही है। टीम शुरुआती दोनों टेस्ट हार चुकी है। एजबेस्टन में तीसरे टेस्ट की पहली पारी में पाकिस्तान महज 133 रन पर सिमट गया। लॉर्ड्स टेस्ट के बाद टीम में सात बदलाव किए गए और मुख्य कोच सरफराज अहमद तथा गेंदबाजी कोच उमर गुल को भी हटा दिया गया। इसके बावजूद बल्लेबाजी में सुधार नहीं हुआ। पहले दिन के बाद इंग्लैंड 23 रन से आगे था और उसके चार विकेट गिर चुके थे।
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