राम मंदिर ट्रस्ट में बड़ा फैसला: चंपत राय और डॉ. अनिल मिश्रा का इस्तीफा स्वीकार, दान चोरी मामले में जांच तेज
अयोध्या राम मंदिर दान चोरी मामले में ट्रस्ट ने चंपत राय और डॉ. अनिल मिश्रा का इस्तीफा स्वीकार किया। एसआईटी जांच जारी है और कई गिरफ्तारियां भी हो चुकी हैं।
उत्तर प्रदेश के अयोध्या स्थित श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने कथित दान चोरी और गबन के आरोपों के बीच बड़ा प्रशासनिक निर्णय लिया है। सोमवार को हुई ट्रस्ट की उच्च स्तरीय बैठक में महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्रा के इस्तीफे स्वीकार कर लिए गए।
सूत्रों के अनुसार, यह निर्णय राम मंदिर परिसर के अतिथि गृह में आयोजित अहम बैठक के बाद लिया गया। बैठक में ट्रस्ट के अधिकांश सदस्य मौजूद रहे, जबकि महंत नृत्य गोपाल दास ने भी इसमें भाग लिया। हालांकि चंपत राय और डॉ. मिश्रा बैठक में शामिल नहीं हुए, क्योंकि उनकी ओर से दिए गए इस्तीफों पर ही मुख्य रूप से चर्चा की गई।
यह पूरा मामला तब सामने आया जब मंदिर में दान राशि में कथित अनियमितताओं के आरोप लगे। इसके बाद योगी आदित्यनाथ सरकार ने जांच के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया। एसआईटी ने अब तक कई आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें चंपत राय के करीबी सहयोगी रामाशंकर उर्फ टिन्नू यादव भी शामिल हैं।
और पढ़ें: पीओके नेता सरदार अमन खान की भारत से अपील, कहा- राशन की भारी कमी, नियंत्रण रेखा खोली जाए
एसआईटी और अयोध्या पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के ठिकानों से नकदी बरामद की है और मंदिर परिसर के सीसीटीवी फुटेज भी हासिल किए हैं, जिनमें कुछ संदिग्ध गतिविधियां दिखाई देती हैं। जांच एजेंसियां ट्रस्ट के पिछले पांच वर्षों के वित्तीय रिकॉर्ड की भी जांच करने पर विचार कर रही हैं।
ट्रस्ट अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास ने बैठक से पहले कहा था कि वह इस घटना से गहरे आहत हैं और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि मामले का राजनीतिकरण नहीं किया जाना चाहिए और उन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर जांच को लेकर पूरा भरोसा है।
उधर, ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि महाराज ने कहा है कि ट्रस्ट की वित्तीय व्यवस्था पूरी तरह पारदर्शी है, लेकिन आरोपों के बाद जांच एजेंसियां हर पहलू की गहन जांच कर रही हैं।
फिलहाल एसआईटी की जांच जारी है और आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
और पढ़ें: पहलगाम आतंकी हमले में लश्कर प्रमुख हाफिज सईद भी आरोपी, एनआईए ने दाखिल की 1597 पेज की चार्जशीट