क्या परिसीमन विधेयक का समर्थन करेगा द्रमुक? संसद सत्र समाप्त होने के बाद चाय बैठक में विपक्ष से केवल कनिमोझी शामिल
संसद का मानसून सत्र समाप्त होने के बाद लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की चाय बैठक में कनिमोझी की मौजूदगी ने परिसीमन विधेयक पर द्रमुक के रुख को लेकर नई अटकलें बढ़ा दी हैं।
संसद का मानसून सत्र समाप्त होने के बाद लोकसभा अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी गई। इसके तुरंत बाद लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की ओर से आयोजित पारंपरिक चाय बैठक में द्रविड़ मुनेत्र कज़गम (द्रमुक) की सांसद कनिमोझी करुणानिधि की मौजूदगी ने राजनीतिक हलकों में नई चर्चा छेड़ दी है। बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और भाजपा तथा राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के कई वरिष्ठ नेता मौजूद थे।
खास बात यह रही कि कनिमोझी विपक्ष की ओर से बैठक में शामिल होने वाली एकमात्र प्रमुख नेता थीं। कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों के नेताओं ने बैठक से दूरी बनाए रखी। ऐसे में कनिमोझी की मौजूदगी को द्रमुक के संभावित रुख में बदलाव से जोड़कर देखा जा रहा है।
द्रमुक ने अप्रैल में परिसीमन विधेयक का जोरदार विरोध किया था। हालांकि, 2026 के तमिलनाडु विधानसभा चुनावों के बाद कांग्रेस और तमिलगा वेट्री कज़गम (टीवीके) के बीच गठबंधन से राजनीतिक समीकरण बदल गए हैं। इसी बीच द्रमुक के राजग में शामिल होने की अटकलें भी तेज हुई हैं।
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सूत्रों के मुताबिक, द्रमुक ने परिसीमन का समर्थन करने के लिए तीन शर्तें रखी हैं। पहली, 1971 की जनगणना के आधार पर लोकसभा सीटों पर लगी रोक को 2027 के बाद 25 वर्षों तक बढ़ाया जाए। दूसरी, सभी राज्यों के लिए लोकसभा सीटों में 50 प्रतिशत की समान वृद्धि की जाए। तीसरी, नए विधेयक के साथ सभी राज्यों के संशोधित लोकसभा क्षेत्रों की पूरी सूची प्रकाशित की जाए।
सूत्रों का कहना है कि इन शर्तों को स्वीकार किए जाने पर द्रमुक केंद्र सरकार का समर्थन कर सकता है। हालांकि, अंतिम फैसला पार्टी का शीर्ष नेतृत्व सभी नेताओं से विचार-विमर्श के बाद करेगा।
द्रमुक के लोकसभा में 22 सांसद हैं। उसका समर्थन मिलने पर राजग की संख्या 341 तक पहुंच सकती है। हालांकि, विधेयक पारित करने के लिए दो-तिहाई बहुमत के तहत 360 वोटों की जरूरत होगी। ऐसे में राजग को जगनमोहन रेड्डी की वाईएसआर कांग्रेस, जोराम पीपुल्स मूवमेंट और राकांपा (शरद पवार) के सांसदों के समर्थन की भी जरूरत पड़ सकती है।