ईरान-इज़राइल संघर्ष के बीच खाड़ी देशों में सीबीएसई की 10वीं-12वीं बोर्ड परीक्षाएं स्थगित
ईरान-इज़राइल संघर्ष के कारण खाड़ी देशों में सीबीएसई ने 10वीं और 12वीं की परीक्षाएं स्थगित कर दीं। हजारों भारतीय छात्र सुरक्षा संकट और उड़ान प्रतिबंधों से प्रभावित हैं।
ईरान और इज़राइल के बीच बढ़ते सैन्य तनाव को देखते हुए केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने 2 मार्च 2026 को आयोजित होने वाली कक्षा 10 और कक्षा 12 की बोर्ड परीक्षाएं खाड़ी देशों में स्थगित कर दी हैं। यह निर्णय बहरीन, ईरान, कुवैत, ओमान, कतर, सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के परीक्षा केंद्रों पर लागू होगा।
सीबीएसई ने अपने बयान में कहा कि मौजूदा स्थिति और सुरक्षा चिंताओं को ध्यान में रखते हुए छात्रों की सुरक्षा सर्वोपरि है। अमेरिका-इज़राइल द्वारा ईरान पर किए गए हमलों और उसके बाद मिसाइल हमलों के आदान-प्रदान के कारण कई देशों में हवाई क्षेत्र बंद कर दिए गए हैं, विस्फोटों और सैन्य अलर्ट की स्थिति बनी हुई है।
दुबई से लेकर दोहा तक दर्जनों अंतरराष्ट्रीय स्कूलों में पढ़ने वाले हजारों भारतीय प्रवासी छात्र प्रभावित हुए हैं। इनमें से अधिकतर छात्र खाड़ी देशों में काम करने वाले भारतीय श्रमिकों के बच्चे हैं। बोर्ड परीक्षाएं उनके उच्च शिक्षा और करियर के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती हैं, लेकिन वर्तमान हालात के कारण वे अनिश्चितता में हैं। कई क्षेत्रों में बिजली कटौती, उड़ानों पर रोक और आपात स्थिति की घोषणा ने स्थिति को और जटिल बना दिया है।
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रिपोर्टों के अनुसार, ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्ला अली ख़ामेनेई की मौत के बाद क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है। ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड (आईआरजीसी) ने जवाबी कार्रवाई की चेतावनी दी है, जबकि अमेरिकी नेतृत्व ने कड़े रुख के संकेत दिए हैं। इससे तेल की कीमतों में उछाल आया है और खाड़ी क्षेत्र की अर्थव्यवस्थाओं पर भी असर पड़ा है।
खाड़ी देशों में लगभग 1.8 करोड़ भारतीय रहते हैं। मेजबान देशों ने भारतीय समुदाय की सुरक्षा का आश्वासन दिया है, लेकिन हालिया घटनाओं ने एहतियातन कदम उठाने को मजबूर कर दिया।
सीबीएसई ने कहा है कि नई परीक्षा तिथियां जल्द आधिकारिक माध्यमों से घोषित की जाएंगी। छात्रों को सलाह दी गई है कि वे नियमित रूप से अपडेट देखते रहें। स्कूल स्थानीय स्तर पर जानकारी साझा करेंगे और जरूरत पड़ने पर ऑनलाइन कक्षाओं का सहारा लिया जाएगा।