ईरान-अमेरिका युद्ध: 10 अप्रैल से इस्लामाबाद में वार्ता, इज़राइल-दुबई-सऊदी में मिसाइल अलर्ट
ईरान और अमेरिका के बीच 10 अप्रैल से इस्लामाबाद में वार्ता होगी। युद्धविराम के बीच इज़राइल, दुबई और सऊदी अरब में मिसाइल अलर्ट जारी, क्षेत्र में तनाव बरकरार है।
मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच एक अहम कूटनीतिक घटनाक्रम सामने आया है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ दो सप्ताह के युद्धविराम की घोषणा की है और कहा है कि 10 अप्रैल से दोनों देशों के बीच पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में वार्ता शुरू होगी।
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि उन्होंने ईरान पर बमबारी और सैन्य कार्रवाई को रोकने का आदेश दिया है, क्योंकि तेहरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य को तुरंत खोलने पर सहमति जताई है। उन्होंने यह भी दावा किया कि अमेरिका ने अपने सभी प्रमुख सैन्य उद्देश्यों को हासिल कर लिया है और अब दीर्घकालिक शांति समझौते के करीब है।
ट्रंप के अनुसार, ईरान ने 10 बिंदुओं का प्रस्ताव दिया है, जिसमें पहले से विवादित कई मुद्दों का समाधान शामिल है। उन्होंने इसे बातचीत के लिए एक मजबूत आधार बताया और कहा कि दो सप्ताह का युद्धविराम समझौते को अंतिम रूप देने में मदद करेगा।
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इस बीच, रिपोर्ट के अनुसार इज़राइल ने भी इस युद्धविराम का हिस्सा बनने पर सहमति जताई है और ईरान पर हमले रोक दिए हैं। हालांकि, क्षेत्र में तनाव अभी भी बना हुआ है। इज़राइल, दुबई और सऊदी अरब में मिसाइल अलर्ट जारी किए गए हैं, जिससे सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं।
ईरान की सर्वोच्च राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद ने इस युद्धविराम को अपनी “ऐतिहासिक जीत” बताया है। परिषद का कहना है कि अमेरिका ने ईरान की 10 सूत्रीय योजना को स्वीकार किया है, जिसमें होर्मुज जलडमरूमध्य पर नियंत्रण, परमाणु संवर्धन का अधिकार और सभी प्रतिबंध हटाने की मांग शामिल है।
ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने कहा कि यदि ईरान पर कोई हमला नहीं होता है, तो वह अपनी सैन्य कार्रवाई रोक देगा। इसके साथ ही, क्षेत्र में शांति स्थापित करने की दिशा में बातचीत को अहम माना जा रहा है।
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