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हिमाचल के राज्यपाल ने चलाया पौधारोपण अभियान, जलवायु परिवर्तन के बीच पर्यावरण संरक्षण पर दिया जोर

हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल ने पौधारोपण अभियान में हिस्सा लेकर जलवायु परिवर्तन के प्रभावों पर चिंता जताई और पर्यावरण संरक्षण के लिए लगातार प्रयास करने की अपील की।

हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ला ने पर्यावरण संरक्षण और जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए लगातार प्रयास करने की आवश्यकता पर जोर दिया है। उन्होंने मंगलवार को पौधारोपण अभियान में हिस्सा लेते हुए लोगों से अधिक से अधिक पेड़ लगाने और प्रकृति की रक्षा करने की अपील की।

राज्यपाल ने छावनी क्षेत्र स्थित पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय में पौधारोपण करने के बाद कहा कि पिछले कुछ वर्षों में जलवायु परिवर्तन और वैश्विक तापमान वृद्धि के प्रभाव स्पष्ट रूप से दिखाई देने लगे हैं। हिमाचल प्रदेश भी इससे अछूता नहीं है और मौसम में बदलाव तथा प्राकृतिक घटनाओं में वृद्धि देखने को मिल रही है।

राज्यपाल ने कहा कि पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के लिए केवल सरकार के प्रयास पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि समाज के हर व्यक्ति को अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी। उन्होंने कहा कि पेड़-पौधे जलवायु संतुलन बनाए रखने, वायु गुणवत्ता सुधारने और प्राकृतिक संसाधनों की रक्षा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

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उन्होंने युवाओं और विद्यार्थियों से विशेष रूप से पर्यावरण संरक्षण के अभियानों में भाग लेने का आह्वान किया। राज्यपाल ने कहा कि आने वाली पीढ़ियों के बेहतर भविष्य के लिए आज से ही पर्यावरण के प्रति गंभीर कदम उठाने होंगे।

कार्यक्रम के दौरान स्कूल के विद्यार्थियों और शिक्षकों ने भी पौधारोपण अभियान में भाग लिया। अधिकारियों ने बताया कि इस तरह के अभियान राज्य में हरित क्षेत्र बढ़ाने और पर्यावरण जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से आयोजित किए जा रहे हैं।

राज्यपाल ने कहा कि हिमाचल प्रदेश जैसे पहाड़ी राज्य में पर्यावरण संरक्षण का महत्व और भी बढ़ जाता है, क्योंकि यहां के जंगल, नदियां और प्राकृतिक संसाधन पूरे क्षेत्र के पारिस्थितिकी तंत्र के लिए महत्वपूर्ण हैं।

उन्होंने लोगों से अपील की कि वे पौधारोपण को केवल एक अभियान तक सीमित न रखें, बल्कि लगाए गए पौधों की देखभाल भी सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि सामूहिक प्रयासों से ही जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों का सामना किया जा सकता है।

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