मंगलुरु में बांग्लादेशी मूल के 19 संदिग्ध अवैध प्रवासी हिरासत में, लेबर कॉन्ट्रैक्टर पर मामला दर्ज
कर्नाटक के मंगलुरु में पुलिस ने बांग्लादेशी मूल के 19 संदिग्ध अवैध प्रवासियों को हिरासत में लिया। मामले में लेबर कॉन्ट्रैक्टर पर भी केस दर्ज कर जांच शुरू की गई।
कर्नाटक के मंगलुरु में पुलिस ने अवैध प्रवासियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए बांग्लादेशी मूल के 19 संदिग्ध लोगों को हिरासत में लिया है। पुलिस ने इस मामले में एक लेबर कॉन्ट्रैक्टर के खिलाफ भी मामला दर्ज किया है, जिस पर कथित तौर पर इन लोगों को काम पर रखने का आरोप है।
पुलिस के अनुसार, मंगलुरु के उरवा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली दो जगहों पर कार्रवाई की गई। यहां कुछ संदिग्ध लोग निर्माण स्थलों पर मजदूरी कर रहे थे। जांच के दौरान पुलिस ने बांग्लादेशी मूल के 11 और संदिग्ध प्रवासियों को हिरासत में लिया। इससे पहले शुक्रवार को मुक्का इलाके से आठ संदिग्ध लोगों को पकड़ा गया था। इस तरह अब तक कुल 19 लोगों को हिरासत में लिया जा चुका है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि हिरासत में लिए गए सभी लोगों के पहचान पत्र और अन्य दस्तावेजों की जांच की जा रही है। जांच के बाद ही उनकी वास्तविक नागरिकता और भारत में रहने की वैध स्थिति का पता चल सकेगा।
और पढ़ें: कर्नाटक में कावेरी नदी में फोटो खींचते समय एक ही परिवार के पांच लोगों की डूबकर मौत
इस मामले में पुलिस ने पश्चिम बंगाल के एक लेबर कॉन्ट्रैक्टर के खिलाफ भी केस दर्ज किया है। आरोप है कि कॉन्ट्रैक्टर ने बांग्लादेशी मूल के संदिग्ध लोगों को मजदूरी के लिए निर्माण स्थलों पर लगाया और उन्हें भारतीय मजदूरों के साथ काम करने का मौका दिया।
भारत में अवैध घुसपैठ का मुद्दा लंबे समय से चर्चा में रहा है। भारत और बांग्लादेश के बीच करीब 4096 किलोमीटर लंबी सीमा है। सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, कुछ संगठित गिरोह कथित रूप से लोगों को सीमा पार कराने और देश के विभिन्न हिस्सों में पहुंचाने का काम करते हैं।
जांच एजेंसियों का कहना है कि कुछ मामलों में फर्जी दस्तावेजों के जरिए पहचान बनाने की कोशिश की जाती है। हालांकि, हर मामले में नागरिकता और दस्तावेजों की पुष्टि जांच प्रक्रिया के बाद ही होती है।
मंगलुरु पुलिस ने कहा है कि मामले की जांच जारी है और दस्तावेजों की पुष्टि के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
और पढ़ें: कर्नाटक के धारवाड़ में बिजली निजीकरण के खिलाफ किसानों का जोरदार प्रदर्शन