मेटा स्मार्ट ग्लास पर ब्रिटेन में सख्ती, रेस्टोरेंट और क्लबों में इस्तेमाल पर बढ़ी पाबंदियां
ब्रिटेन के कई रेस्टोरेंट, पब और निजी क्लबों में मेटा स्मार्ट ग्लास के इस्तेमाल पर सख्ती बढ़ी है। गोपनीयता संबंधी चिंताओं के कारण बिना अनुमति रिकॉर्डिंग पर रोक है।
तकनीक के तेजी से विकास के साथ स्मार्ट डिवाइस लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बनते जा रहे हैं। इसी कड़ी में मेटा ने अपने स्मार्ट ग्लास बाजार में उतारे, जो सामान्य चश्मे की तरह दिखाई देते हैं, लेकिन इनमें कैमरा और कई आधुनिक स्मार्ट फीचर्स मौजूद हैं। हालांकि, लोकप्रियता बढ़ने के साथ अब इन स्मार्ट ग्लास को लेकर गोपनीयता से जुड़ी चिंताएं भी सामने आने लगी हैं।
रिपोर्टों के मुताबिक, ब्रिटेन की हॉस्पिटैलिटी इंडस्ट्री के कई बड़े संस्थानों ने मेटा स्मार्ट ग्लास के इस्तेमाल को लेकर सख्ती शुरू कर दी है। लंदन के कुछ प्रीमियम रेस्टोरेंट, निजी सदस्य क्लब और बड़े पब समूह अपने परिसर में आने वाले लोगों से इन स्मार्ट ग्लास को नहीं पहनने के लिए कह रहे हैं।
इन स्थानों पर स्मार्ट ग्लास के जरिए फोटो या वीडियो रिकॉर्ड करने पर भी रोक लगाई जा रही है। संस्थानों का कहना है कि यह कदम वहां मौजूद लोगों की निजता और सहमति की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है।
और पढ़ें: पीएम मोदी का वीडियो हटाने पर मेटा ने मांगी माफी, ग्लोबल अफेयर्स प्रमुख ने बताया तकनीकी गलती
इंस्टाग्राम भी ऐसे कंटेंट पर सख्त
मेटा के स्मार्ट ग्लास से जुड़े विवाद का असर सोशल मीडिया पर भी दिखाई दे रहा है। इंस्टाग्राम प्रमुख एडम मोसेरी ने कहा है कि यदि स्मार्ट ग्लास से बनाया गया कोई कंटेंट किसी व्यक्ति की निजता का उल्लंघन करता है, तो उसे मंच से हटाया जा सकता है।
इसका मतलब है कि किसी व्यक्ति की अनुमति के बिना स्मार्ट ग्लास से रिकॉर्ड किया गया ऐसा कंटेंट, जिसमें उसकी निजता प्रभावित होती है, सोशल मीडिया पर पोस्ट करना परेशानी खड़ी कर सकता है। ऐसे मामलों में प्लेटफॉर्म संबंधित सामग्री या खाते के खिलाफ कार्रवाई भी कर सकता है।
तेजी से लोकप्रिय हुआ गैजेट
मेटा स्मार्ट ग्लास पिछले एक साल में तेजी से लोकप्रिय हुए हैं। रिपोर्टों के अनुसार, इस अवधि में इनकी 70 लाख से अधिक इकाइयां बिक चुकी हैं। कंपनी लगातार इनके नए डिजाइन और अलग-अलग संस्करण पेश कर रही है। सेलिब्रिटी से जुड़े मॉडल के जरिए इन्हें तकनीकी उपकरण के साथ फैशन एक्सेसरी के तौर पर भी पेश किया जा रहा है।
हालांकि, बिक्री बढ़ने के साथ सार्वजनिक स्थानों पर इनके इस्तेमाल को लेकर सवाल भी बढ़ रहे हैं। चश्मे में लगा कैमरा आसपास मौजूद लोगों की जानकारी के बिना रिकॉर्डिंग कर सकता है, जिससे निजता और सहमति का मुद्दा उठता है।
आगे बढ़ सकती हैं पाबंदियां
मेटा स्मार्ट ग्लास भविष्य में स्मार्टफोन के इस्तेमाल के तरीके को बदलने की क्षमता रखते हैं, लेकिन सार्वजनिक स्थानों पर इनके इस्तेमाल के लिए स्पष्ट नियमों की जरूरत महसूस की जा रही है। ब्रिटेन के रेस्टोरेंट, पब, क्लब और थिएटरों के कदम इस दिशा में महत्वपूर्ण संकेत माने जा रहे हैं।
आने वाले समय में दूसरे देशों में भी व्यवसाय और सार्वजनिक संस्थान स्मार्ट ग्लास के लिए अलग नियम बना सकते हैं। मेटा के सामने चुनौती केवल बिक्री और नए फीचर्स बढ़ाने की नहीं, बल्कि उपभोक्ताओं और आम लोगों को यह भरोसा दिलाने की भी है कि तकनीक उनकी निजता और व्यक्तिगत स्वतंत्रता के लिए खतरा नहीं बनेगी।
और पढ़ें: सेमीकंडक्टर कंपनी मार्वेल भारत में करेगी 250 मिलियन डॉलर का निवेश, तकनीक और प्रतिभा विकास पर जोर