राजस्थान स्वास्थ्य योजना में घोटाला: सीकर में सात डॉक्टर निलंबित, अस्पताल और डायग्नोस्टिक सेंटर पर केस
राजस्थान के सीकर में स्वास्थ्य योजना में गड़बड़ी मिलने पर सात डॉक्टर निलंबित हुए। फर्जी क्लेम और हस्ताक्षर के मामले में अस्पताल व डायग्नोस्टिक सेंटर के खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई।
राजस्थान (Rajasthan) में राज्य सरकार की स्वास्थ्य योजना में गड़बड़ी सामने आने के बाद बड़ी कार्रवाई की गई है। सीकर (Sikar) जिले में तैनात सात डॉक्टरों को निलंबित कर दिया गया है, जबकि एक निजी नर्सिंग होम और एक डायग्नोस्टिक सेंटर के खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज किए गए हैं।
यह कार्रवाई राजस्थान गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम (Rajasthan Government Health Scheme) की ऑडिट रिपोर्ट के बाद की गई, जिसमें योजना के क्रियान्वयन में गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। यह योजना राज्य के सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए चलाई जाती है।
राजस्थान की प्रमुख स्वास्थ्य सचिव गायत्री राठौड़ (Gayatri Rathore) ने शनिवार (14 फरवरी 2026) को जानकारी देते हुए कहा कि जांच में कई डॉक्टरों की भूमिका संदिग्ध पाई गई है। ये डॉक्टर श्री कल्याण राजकीय अस्पताल (Shri Kalyan Government Hospital), गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज सीकर (Government Medical College Sikar) और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र खीरवा (Community Health Centre Kheerwa) में तैनात थे।
जांच में पाया गया कि एक नर्सिंग होम द्वारा फर्जी मेडिकल क्लेम बनाए जा रहे थे, जबकि एक डायग्नोस्टिक सेंटर डॉक्टरों के हस्ताक्षर नकली तरीके से इस्तेमाल कर रहा था। इस फर्जीवाड़े के जरिए सरकारी स्वास्थ्य योजना से गलत तरीके से भुगतान लिया जा रहा था।
सरकार ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित संस्थानों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर दी है और आगे की जांच शुरू कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और योजना में पारदर्शिता सुनिश्चित की जाएगी।
राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि स्वास्थ्य योजनाओं में किसी भी तरह की धोखाधड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए निगरानी व्यवस्था और मजबूत की जाएगी।
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