स्मृति ईरानी ने चुनाव आयोग को लेकर कांग्रेस के रुख पर उठाए सवाल
स्मृति ईरानी ने एसआईआर और चुनाव आयोग पर कांग्रेस के सवालों के बीच हिमाचल, पंजाब, केरल और कर्नाटक में पार्टी के पुराने रुख को लेकर सवाल उठाए।
भारतीय जनता पार्टी की राष्ट्रीय महासचिव स्मृति ईरानी ने मंगलवार को चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर कांग्रेस के रुख पर सवाल उठाए। उन्होंने पूछा कि अगर कांग्रेस चुनाव आयोग पर गंभीर सवाल उठा रही है, तो हिमाचल प्रदेश, पंजाब, केरल और कर्नाटक जैसे राज्यों में उसका रुख क्या रहा है।
नई दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान ईरानी ने कांग्रेस पर संवैधानिक संस्थाओं को निशाना बनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि निर्वाचन आयोग भारतीय लोकतांत्रिक व्यवस्था की एक महत्वपूर्ण संवैधानिक संस्था है। ईरानी के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कई बार कह चुके हैं कि उनकी राजनीतिक आलोचना की जा सकती है, लेकिन राजनीतिक विरोध को संवैधानिक संस्थाओं और लोकतांत्रिक व्यवस्था पर हमले में नहीं बदलना चाहिए।
ईरानी ने कांग्रेस से पूछा कि हिमाचल प्रदेश, पंजाब, केरल और कर्नाटक में चुनाव आयोग की भूमिका को लेकर पार्टी ने क्या रुख अपनाया था। उन्होंने सवाल किया कि क्या कांग्रेस ने इन राज्यों में आयोग को पूरी तरह सही माना था या वहां भी चुनाव प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाए थे।
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विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर को लेकर ईरानी ने चुनाव आयोग की ओर से दी गई जानकारी का भी हवाला दिया। उन्होंने कहा कि एसआईआर के तहत जिन लोगों को नोटिस जारी किए गए हैं, उनके घर बूथ लेवल अधिकारी जाएंगे और आवश्यक दस्तावेज लेकर उनकी स्थिति की जांच करेंगे। उन्होंने सवाल किया कि इसके बावजूद कांग्रेस इस प्रक्रिया का विरोध क्यों कर रही है।
ईरानी की टिप्पणी कांग्रेस कार्यसमिति की बैठक के बाद आई है। 29 सितंबर को हुई बैठक में कांग्रेस ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, एसआईआर को तत्काल रोकने और मतदाता सूची से हटाए गए नामों को बहाल करने की मांग की। कांग्रेस ने इन मांगों को लेकर प्रस्ताव भी पारित किया।
इस पूरे मुद्दे पर भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। चुनाव आयोग की भूमिका और एसआईआर को लेकर दोनों पक्षों के दावे और आपत्तियां सार्वजनिक बहस का हिस्सा बनी हुई हैं।
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