बिहार की आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) ने आय से अधिक संपत्ति के मामले में सासाराम के लघु सिंचाई प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता अरविंद कुमार चौधरी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए उनके छह ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। ईओयू के अनुसार प्रारंभिक जांच में अभियंता के पास ज्ञात आय से लगभग 85.05 प्रतिशत अधिक, यानी करीब 1,19,98,534 रुपये की अतिरिक्त संपत्ति होने के प्रथम दृष्टया साक्ष्य मिले हैं।
ईओयू की टीमों ने पटना के दानापुर स्थित आदमपुर में वीनस पैराडाइज अपार्टमेंट के फ्लैट, आशोपुर स्थित वीनस इम्पायर अपार्टमेंट, मुजफ्फरपुर के महामाया स्थान स्थित ससुराल, सासाराम स्थित कार्यपालक अभियंता कार्यालय, डेहरी-ऑन-सोन के सरकारी आवास तथा बांका जिले के रजौन थाना क्षेत्र के पीपराडीह गांव स्थित पैतृक घर सहित कुल छह स्थानों पर एक साथ तलाशी अभियान चलाया।
छापेमारी के दौरान बड़ी मात्रा में नकदी, सोने और चांदी के आभूषण, चांदी के सिक्के, कीमती घड़ियां, चांदी के बर्तन तथा कई महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद होने की जानकारी सामने आई है। तलाशी के दौरान ली गई तस्वीरों में नोटों की गड्डियां, सोने के हार, कंगन, अंगूठियां, झुमके, चांदी के सिक्के और अन्य बहुमूल्य सामान दिखाई दिए। हालांकि, अधिकारियों का कहना है कि बरामद संपत्ति का वास्तविक मूल्यांकन तलाशी पूरी होने और दस्तावेजों की जांच के बाद ही किया जा सकेगा।
और पढ़ें: सीबीआई का रेलवे में भ्रष्टाचार पर शिकंजा, मुंबई, वाराणसी और हावड़ा से तीन अधिकारी रिश्वत मामले में गिरफ्तार
ईओयू ने बताया कि सभी जब्त दस्तावेजों, नकदी और अन्य संपत्तियों का विस्तृत परीक्षण किया जाएगा। जांच पूरी होने के बाद उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल तलाशी अभियान जारी है और सभी ठिकानों से जुटाई गई सामग्री का मिलान किया जा रहा है।
इस मामले में अरविंद कुमार चौधरी की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी बिहार में कई सरकारी अधिकारियों के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के मामलों में ईओयू इसी तरह की कार्रवाई कर चुकी है।
और पढ़ें: भ्रष्टाचार के आरोपों में चीन की कम्युनिस्ट पार्टी के वरिष्ठ नेता मा शिंगरुई निष्कासित