दिल्ली की एक विशेष अदालत ने सोमवार (16 फरवरी, 2026) को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा दायर वीडियोकॉन मोजाम्बिक तेल डील मामले में अभियोजन शिकायत का संज्ञान लिया। इस मामले में व्यापारी वी. धूत और 12 अन्य आरोपित हैं। अदालत ने 10 फरवरी को इस शिकायत का संज्ञान लिया और आरोपी व्यक्तियों तथा संस्थाओं के खिलाफ नोटिस जारी किए।
ईडी के अनुसार, इस मामले में संदिग्ध अपराध के proceeds ₹1,136.49 करोड़ के आसपास बताए जा रहे हैं। एजेंसी ने दावा किया है कि वीडियोकॉन समूह ने मोजाम्बिक तेल एवं गैस परियोजना में निवेश किया था, जिसके बाद यह मामला सामने आया।
ईडी ने आरोप लगाया है कि इस निवेश को लेकर मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप हैं, और यह राशि मोजाम्बिक में तेल और गैस के अधिकारों के संदिग्ध तरीके से हासिल की गई थी। एजेंसी ने विभिन्न आरोपितों के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग और भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं।
और पढ़ें: ईडी ने बैंक बकाया वसूली के लिए रिलायंस अनिल अंबानी समूह से जुड़े ₹1,885 करोड़ की संपत्तियां कुर्क कीं
इस मामले में आगे की सुनवाई के लिए अदालत ने अगली तिथि निर्धारित की है, जबकि ईडी इस मामले में आरोपियों से जुड़े अन्य कागजात और गवाहों की पेशी करेगी।
वीडियोकॉन मोजाम्बिक डील का मामला भारतीय न्याय व्यवस्था में एक बड़ा मामला बन गया है, क्योंकि इसमें विदेशी निवेश और मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप जुड़े हैं। एजेंसी इस मामले की गहन जांच कर रही है और इससे जुड़े अन्य पहलुओं को उजागर करने की कोशिश कर रही है।
और पढ़ें: ईडी समन मामले में अरविंद केजरीवाल को बड़ी राहत, दिल्ली कोर्ट ने दो मामलों में किया बरी