मध्य पूर्व में जारी संघर्ष के बीच आज संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद तेहरान मुद्दे पर एक बंद कमरे की बैठक करने जा रही है। इस बीच ईरान, इजरायल और लेबनान में हमलों का सिलसिला तेज हो गया है, जिससे क्षेत्रीय तनाव लगातार बढ़ रहा है।
रिपोर्ट के अनुसार, इजरायल ने ईरान के कई महत्वपूर्ण ठिकानों पर हवाई हमले किए हैं। इसके जवाब में तेहरान ने इजरायल और संयुक्त अरब अमीरात की ओर मिसाइलें दागीं। दोनों देशों के बीच जारी इस टकराव में फिलहाल किसी समाधान के संकेत नहीं दिख रहे हैं।
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को होर्मुज जलडमरूमध्य खोलने के लिए दी गई समयसीमा को 6 अप्रैल तक बढ़ा दिया है। उन्होंने यह भी कहा कि फिलहाल ईरान के ऊर्जा ठिकानों पर बमबारी को रोका जाएगा। हालांकि, ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका सैन्य रूप से पहले ही इस युद्ध में बढ़त बना चुका है और ईरान की नौसेना तथा मिसाइल क्षमताओं को काफी कमजोर कर दिया गया है।
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वहीं, इजरायल डिफेंस फोर्स के चीफ लेफ्टिनेंट जनरल एयाल ज़मीर ने चेतावनी दी है कि लगातार बढ़ते दबाव और सैनिकों की कमी के कारण इजरायली सेना की स्थिति कमजोर हो सकती है। उन्होंने सुरक्षा कैबिनेट की बैठक में कहा कि सेना की तैयारियों को लेकर गंभीर चिंताएं हैं।
यह पूरा घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब युद्धविराम को लेकर बातचीत ठप पड़ी हुई है और दोनों पक्ष अपने-अपने रुख पर अड़े हुए हैं।
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