एसआईआर के बाद पंजाब की ड्राफ्ट मतदाता सूची से दो बार के सांसद धर्मवीर गांधी का नाम गायब
पंजाब में एसआईआर के बाद दो बार पटियाला से सांसद रहे धर्मवीर गांधी और उनके परिवार के नाम ड्राफ्ट मतदाता सूची से गायब मिले। उन्होंने दस्तावेज जमा किए।
पंजाब में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया के बाद जारी ड्राफ्ट मतदाता सूची में पटियाला से दो बार सांसद रह चुके वरिष्ठ कांग्रेस नेता डॉ. धर्मवीर गांधी का नाम नहीं मिला है। गुरुवार को यह मामला सामने आने के बाद उन्होंने कहा कि उनके साथ उनके परिवार के सदस्यों के नाम भी मतदाता सूची से गायब हैं।
डॉ. धर्मवीर गांधी ने बताया कि वह करीब वर्ष 2000 से इसी पते पर रह रहे हैं। उन्होंने इसी घर को अपना स्थायी पता बताते हुए कहा कि उन्होंने तीन लोकसभा चुनाव लड़े और उनमें से दो में इसी पते से जीत दर्ज की। इसके बावजूद उनका और उनके परिवार के सदस्यों का नाम ड्राफ्ट मतदाता सूची में शामिल नहीं है।
उन्होंने कहा कि उन्होंने मतदाता सूची में नाम बहाल कराने के लिए पहले ही आपत्ति दर्ज करा दी है और आवश्यक दस्तावेज भी जमा कर दिए हैं। डॉ. गांधी के मुताबिक, उन्होंने अपने पासपोर्ट, दसवीं कक्षा का प्रमाणपत्र और अन्य जरूरी दस्तावेज पटियाला के उपायुक्त-सह-जिला निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय में जमा किए।
ये दस्तावेज उनकी पत्नी जगदंबा कौशल, बेटे निवेंदु प्रशार और बेटी रोहिणी प्रशार से संबंधित दस्तावेजों के साथ जमा किए गए हैं। उनका उद्देश्य यह साबित करना है कि वह और उनका परिवार संबंधित पते पर लंबे समय से रह रहे हैं।
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, डॉ. गांधी को अधिकारियों की ओर से बताया गया है कि वर्ष 2003 की मतदाता सूची में दर्ज उनके विवरण और एसआईआर प्रक्रिया के दौरान जमा किए गए दस्तावेजों में कुछ अंतर है। हालांकि, उनके व्यक्तिगत मामले पर अधिकारियों की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
ड्राफ्ट मतदाता सूची में जिन नागरिकों के नाम नहीं हैं, वे 13 अगस्त से 12 सितंबर तक निर्धारित घोषणा-पत्र और संबंधित दस्तावेजों के साथ अपना दावा पेश कर सकते हैं। इसके बाद दावों और आपत्तियों की जांच के आधार पर अंतिम मतदाता सूची तैयार की जाएगी।
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