राजस्थान के बाड़मेर जिले के पचपदरा रिफाइनरी में सोमवार को उस समय बड़ा हादसा हो गया जब क्रूड डिस्टिलेशन यूनिट (सीडीयू) में भीषण आग लग गई। यह घटना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा रिफाइनरी के उद्घाटन से ठीक एक दिन पहले हुई, जिससे सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
जानकारी के अनुसार, आग लगते ही कुछ ही मिनटों में लपटें तेज हो गईं, जिससे मौके पर मौजूद कर्मचारियों और अधिकारियों में अफरा-तफरी मच गई। तुरंत ही दमकल की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू कर दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि इस घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आग रिफाइनरी की क्रूड डिस्टिलेशन यूनिट में लगी थी। यह यूनिट परियोजना का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। घटना के समय रिफाइनरी परिसर में हाई-प्रोफाइल उद्घाटन समारोह की तैयारियां चल रही थीं, जिससे स्थिति और अधिक संवेदनशील हो गई।
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राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा आज दोपहर लगभग 4 बजे घटनास्थल का निरीक्षण करने पहुंचेंगे। अधिकारियों के अनुसार, नुकसान का आकलन किया जा रहा है और तकनीकी जांच पूरी होने के बाद स्थिति स्पष्ट होगी।
गौरतलब है कि यह भारत की पहली ग्रीनफील्ड इंटीग्रेटेड रिफाइनरी-कम-पेट्रोकेमिकल परियोजना है, जिसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा किया जाना था। यह परियोजना लगभग 79,450 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश से विकसित की गई है और इसे देश की सबसे बड़ी औद्योगिक परियोजनाओं में से एक माना जा रहा है।
यह रिफाइनरी 9 मिलियन मीट्रिक टन वार्षिक क्षमता वाली है और इसमें 2.4 एमएमटीपीए पेट्रोकेमिकल उत्पादन क्षमता शामिल है। यह परियोजना ऊर्जा सुरक्षा, औद्योगिक विकास और रोजगार सृजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाली है।
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