ऋषभ पंत ने आईपीएल 2026 सीजन के बाद लखनऊ सुपर जायंट्स (एलएसजी) की कप्तानी से इस्तीफा दे दिया। दो साल के खराब कार्यकाल के बाद यह फैसला लिया गया, जिसमें टीम प्लेऑफ में जगह बनाने में लगातार विफल रही।
एलएसजी ने उन्हें 27 करोड़ रुपये में खरीदा था और तुरंत कप्तानी सौंप दी थी, लेकिन इसके बाद टीम का प्रदर्शन उम्मीदों के मुताबिक नहीं रहा। पंत की कप्तानी में टीम ने कुल 10 मैच ही जीते। पिछले सीजन में टीम सातवें स्थान पर रही और इस बार अंक तालिका में सबसे नीचे रही।
फ्रेंचाइजी के आधिकारिक बयान में कहा गया, “लखनऊ सुपर जायंट्स यह सूचित करना चाहता है कि ऋषभ पंत ने कप्तानी जिम्मेदारी से मुक्त होने का अनुरोध किया है, जिसे फ्रेंचाइजी ने तुरंत स्वीकार कर लिया है।”
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कप्तानी के दौरान पंत का व्यक्तिगत प्रदर्शन भी प्रभावित रहा। उन्होंने 26 मैचों में 581 रन बनाए, जिसमें उनका स्ट्राइक रेट 135.74 रहा। वह लगातार अलग-अलग बल्लेबाजी क्रम में खेले, लेकिन स्थिर प्रदर्शन नहीं कर पाए। भारी कीमत और कप्तानी के दबाव ने उनके खेल पर असर डाला, जिससे टीम भी संघर्ष करती रही।
टीम मालिक संजीव गोयनका और पंत के बीच रिश्तों में भी तनाव की खबरें सामने आई थी। 2025 सीजन में कई बार गोयनका मैदान पर पंत से नाराज नजर आए थे। हालांकि शुरुआती दौर में गोयनका ने पंत को भविष्य का बड़ा कप्तान बताया था और उनकी तुलना रोहित शर्मा और एमएस धोनी जैसे खिलाड़ियों से की थी।
अब कप्तानी की दौड़ में मिचेल मार्श, एडेन मार्करम और निकोलस पूरन के नाम सामने आ रहे हैं। इनमें मार्करम सबसे मजबूत दावेदार माने जा रहे हैं क्योंकि वह पहले भी साउथ अफ्रीका की टी20 लीग में कप्तानी कर चुके हैं।
एलएसजी अब नए नेतृत्व के साथ आगामी सीजन में वापसी की कोशिश करेगी।
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