अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर अपने रुख में बड़ा बदलाव दिखाते हुए दावा किया है कि अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी तनाव को खत्म करने के लिए युद्धविराम समझौता “लगभग तय” हो चुका है। ट्रंप ने कहा कि अब बातचीत शांति स्थापित करने वाले एक समझौता ज्ञापन के अंतिम बिंदुओं पर केंद्रित है।
ट्रंप के मुताबिक, यह समझौता केवल वॉशिंगटन और तेहरान के बीच ही नहीं बल्कि कई क्षेत्रीय देशों की भागीदारी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि इस समझौते के तहत रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने पर सहमति बन सकती है, जो संघर्ष के दौरान लगभग बंद हो गया था।
घोषणा से पहले ट्रंप ने कतर, सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, पाकिस्तान, जॉर्डन, मिस्र, तुर्की और बहरीन के नेताओं से बातचीत की। इसके अलावा उन्होंने इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से भी अलग से चर्चा की। ट्रंप ने इन वार्ताओं को सकारात्मक बताते हुए कहा कि शांति समझौते के शेष मुद्दों पर काम जारी है।
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हालांकि कुछ दिन पहले तक ट्रंप ने चेतावनी दी थी कि यदि बातचीत विफल हुई तो ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई फिर शुरू हो सकती है। बाद में उन्होंने स्वीकार किया कि खाड़ी देशों के दबाव के बाद हमलों को रोका गया।
वहीं ईरान ने भी पुष्टि की है कि वार्ता आगे बढ़ रही है। ईरानी विदेश मंत्रालय ने बताया कि तेहरान 14 सूत्रीय ढांचे पर काम कर रहा है, जो अंतिम शांति समझौते का आधार बन सकता है
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