प्रयागराज के झूंसी थाना क्षेत्र स्थित नैका महीन में शुक्रवार शाम करीब 6 बजे एक ट्रैक्टर-ट्रॉली की चपेट में आने से 14 साल के बच्चे की मौत हो गई। घटना प्राथमिक स्कूल के पास हुई, जहां मिट्टी गिराने आया ट्रैक्टर बैक कर रहा था। इसी दौरान ट्रॉली का टायर दुकान जा रहे बच्चे के ऊपर चढ़ गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
मृतक बच्चे की पहचान अभिनव (14) के रूप में हुई है, जो रोडवेज कर्मी उमाकांत वर्मा का बेटा था और झूंसी के नैका महीन का रहने वाला था। अभिनव घर से दुकान सामान लेने निकला था, तभी यह हादसा हुआ। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी ट्रैक्टर चालक को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी। ट्रैक्टर-ट्रॉली को भी कब्जे में ले लिया गया है।
अभिनव प्राथमिक स्कूल में कक्षा 5 का छात्र था। परिजनों के अनुसार, वह चार बहनों में एकलौता भाई और परिवार का सबसे छोटा सदस्य था। घटना के समय वह पिता से पैसे लेकर दुकान की ओर जा रहा था। हादसे के बाद मां सविता की हालत बिगड़ गई और वह बार-बार बेहोश हो रही थीं।
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हादसे के बाद परिजन शव लेकर करीब तीन घंटे तक घर पर बैठे रहे और पोस्टमॉर्टम की कार्रवाई के लिए तैयार नहीं हुए। इस दौरान पुलिस और परिवार वालों के बीच बहस भी हुई। काफी देर तक समझाने-बुझाने के बाद शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा जा सका।
पिता उमाकांत वर्मा ने बताया कि वे काम से घर लौटे थे और उन्होंने ही बेटे को दूध लाने के लिए भेजा था। पास में राजा राम के यहां मिट्टी गिराने ट्रैक्टर आया था और जैसे ही बेटा घर से निकला, ट्रैक्टर उसके ऊपर चढ़ गया। उन्होंने बताया कि मोहल्ले वालों से पता चला कि उनका बेटा दब गया है, लेकिन जब तक वे मौके पर पहुंचे, तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। उन्होंने कहा कि आखिर उन्होंने बेटे को दूध लेने क्यों भेजा।
मां सविता ने आरोप लगाया कि उनका बेटा साइकिल से दुकान की ओर जा रहा था और पड़ोसी से चल रहे विवाद के बीच आरोपी ने गाड़ी आगे बढ़ाकर फिर पीछे करते हुए उनके बेटे को टक्कर मार दी, जिससे गाड़ी सिर पर चढ़ गई और मौके पर ही मौत हो गई। उन्होंने मांग की कि आरोपी का घर गिराया जाए, उसे फांसी दी जाए और पूरे परिवार को जेल भेजा जाए।
झूंसी के एसीपी अरुण परासर ने बताया कि ट्रैक्टर व चालक को हिरासत में ले लिया गया है और परिजनों की तहरीर के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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