अमेरिकी खुफिया एजेंसी सीआईए के निदेशक जॉन रैटक्लिफ ने मंगलवार को कथित तौर पर गुप्त रूप से रूस की राजधानी मॉस्को की यात्रा की। अमेरिकी रिपोर्टों के अनुसार, रैटक्लिफ एक रहस्यमयी अमेरिकी सैन्य विमान से मॉस्को पहुंचे और वहां रूसी अधिकारियों के साथ बैठकें कीं। हालांकि, उनकी यात्रा का वास्तविक उद्देश्य अभी स्पष्ट नहीं है।
The Indian Witness के मुताबिक, रैटक्लिफ अमेरिकी वायुसेना के सी-17 ग्लोबमास्टर-3 परिवहन विमान से मॉस्को पहुंचे। यह विमान वाशिंगटन के बाहर स्थित ज्वाइंट बेस एंड्रयूज से रवाना हुआ था, जिसका इस्तेमाल अक्सर वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारियों की आधिकारिक यात्राओं के लिए किया जाता है।
मॉस्को पहुंचा अमेरिकी सैन्य विमान
ऑनलाइन विमान निगरानी प्रणालियों के आंकड़ों से पहले पता चला था कि अमेरिकी वायुसेना का C-17A ग्लोबमास्टर-3 विमान मॉस्को के व्नुकोवो हवाईअड्डे पर उतरा था। विमान ने वाशिंगटन के निकट एंड्रयूज एयर फोर्स बेस से उड़ान भरी थी और रास्ते में रीगा में ठहरने के बाद मॉस्को पहुंचा। कुछ घंटे बाद यही विमान मॉस्को से रवाना भी हो गया।
और पढ़ें: बेंगलुरु में आज ईद-ए-मिलाद के जुलूस को लेकर ट्रैफिक डायवर्जन, इन रास्तों से बचने की सलाह
जब क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव से अमेरिकी सैन्य विमान के मॉस्को पहुंचने के बारे में पूछा गया था, तो उन्होंने कहा कि उन्हें इसकी कोई जानकारी नहीं है।
रूस-यूक्रेन युद्ध के बीच यात्रा
रैटक्लिफ की कथित रूस यात्रा ऐसे समय हुई है, जब रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध को लेकर तनाव बढ़ा हुआ है। अमेरिका की मध्यस्थता में संघर्ष खत्म करने के प्रयास फिलहाल गतिरोध में हैं। रैटक्लिफ राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के करीबी सलाहकारों में शामिल हैं और ईरान युद्ध से जुड़े मामलों में भी उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
वहीं, अमेरिका और रूस के बीच परमाणु हथियार नियंत्रण को लेकर भी स्थिति तनावपूर्ण है। दोनों देशों के बीच अंतिम प्रमुख परमाणु हथियार नियंत्रण संधि न्यू स्टार्ट फरवरी में समाप्त हो चुकी है।
और पढ़ें: ईरान से तेल कारोबार पर अमेरिका का शिकंजा, भारत से जुड़ी चार कंपनियों पर प्रतिबंध